राजमाता को श्रद्धांजलि देकर बोले सिंधिया- वे जनसेवा की प्रतिमूर्ति थीं

सीएम ने दी श्रद्धांजलि, यशोधरा राजे बोलीं- कभी नहीं भूल सकती ये दिन

scindia

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। राजमाता विजया राजे सिंधिया की जयंती पर उनकी छत्री पर आयोजित कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, राजमाता के पोते और सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया, राजमाता की बेटी और प्रदेश की खेल मंत्री यशोधरा राजे, ग्वालियर सांसद विवेक शेजवलकर सहित बड़ी संख्या में भाजपा नेता पुष्पांजलि अर्पित करने पहुंचे।

वे स्नेहमयी, ममतामयी, वात्सल्यमयी माँ थीं: सीएम शिवराज

इस मौके पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मैं अम्मा महाराज के चरणों में प्रणाम करने आया हूँ। वो स्नेहमयी माँ थी, ममतामयी माँ थी, वात्सल्यमयी माँ थीं। महारानी होकर भी उन्होंने जनता की सेवा का व्रत लिया था। वे सेवा का पर्याय बन गई थीं। अन्याय के खिलाफ संघर्ष का प्रतीक थीं। पूरा जीवन उन्होंने जनता और भारत माँ के चरणों में समर्पित कर दिया था। भाजपा का जो वट वृक्ष आज फैला है उसको पुष्पित पल्लवित करने में अम्मा महाराज का बड़ा योगदान था।

राजमाता साहब जनसेवा की एक प्रतिमूर्ति थीं : ज्योतिरादित्य

श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे राजमाता के पोते और सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि राजमाता साहब ने जीवन में जरूर भाजपा को सिंचित किया पर उससे ज्यादा महत्वपूर्ण मैं समझता हूँ कि वे जनसेवा की एक प्रतिमूर्ति थीं। क्षेत्र और जनता के प्रति समर्पित भाव से कार्य करने का वे एक बेहतरीन उदाहरण हैं हम सबके लिए। हम सब उनसे प्रेरणा लेते हैं। हम उनके आदर्शों पर चले यही आशीर्वाद हम अम्मा महाराज से चाहते हैं।

ये दिन मैं कभी भूल नहीं सकती: यशोधरा

राजमाता की बेटी एवं प्रदेश की खेल मंत्री यशोधरा राजे सिंधिया ने इस मौके पर कहा कि आज राजमाता साहब के जन्म शताब्दी वर्ष का समापन है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अभिभूत होकर धन्यवाद देना चाहती हूँ कि उन्होंने राजमाता साहब को इतने सुंदर और सम्मानजनक ढंग से याद किया । मैं ये दिन कभी नहीं भूल सकती। पहले उन्होंने अटल जी नाम पर सिक्का जारी किया और आज राजमाता साहब के नाम पर सिक्का जारी किया। पीएम मोदी ने उनके साथ प्रचारक के रूप में काम किया है वे जानते थे कि अम्मा कैसी थीं। इसीलिए उन्होंने सिक्का जारी किया मैं प्रणाम करती हूँ उन्हें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here