भैंस डेयरियाँ ग्वाला नगर भेजने की प्रशासन की कवायद को झटका, विधायक ने किया विरोध

ग्वालियर। शहर के बाजारों से लेकर पॉश कॉलोनियों तक में संचालित होने वाली भैंस डेयरियों को ग्वाला नगर में भेजने के लिए जिला प्रशासन ने 10 दिसंबर तक का आदेश दिया है लेकिन इस आदेश पर अमल होगा इसमें संदेह है क्योंकि इस आदेश के विरोध में कांग्रेस विधायक खड़े हो गए हैं। विधायक का कहना है कि प्रशासन को पहले डेयरियों के लिए व्यवस्था करनी होगी तब इन्हें शिफ्ट किया जाये। 

गंदगी,सीवर और नाले चौक की समस्या के जिम्मेदार ठहराई जा रही भैंस डेयरियों के लिए बसाये जा रहे ग्वाला नगर में इन्हें शिफ्ट करने के लिए एक बार फिर प्रयास किये हैं । कलेक्टर अनुराग  चौधरी ने पिपरौली के पास बनाये जा रहे ग्वाला नगर में भैंस डेयरियों के शिफ्ट करने के लिए 10 दिसंबर अंतिम तारिख तय की है। उनके आदेश के बाद पिछले दिनों कुछ डेयरी संचालकों के खिलाफ कार्रवाई भी की गई । लेकिन ये कवायद फ्लॉप साबित हुई। अब इसके खिलाफ कांग्रेस विधायक मुन्नालाल गोयल खड़े हो गए हैं। विधायक गोयल ने कलेक्टर अनुराग चौधरी और नगर निगम कमिश्नर संदीप माकिन को पत्र लिखकर कहा है कि पहले व्यवस्था की जाए उसके बाद इन्हें हटाया जाए। उन्होंने कहा कि जिला योजना समिति की बैठक में मैंने ही ये मामला उठाया था और प्रभारी मंत्री उमंग सिंघार ने निर्देश दिए थे कि शहर की हर दिशा में ऐसे स्थान चयनित कर ग्वाला नगर बसाये जाएँ जो लोगों की पहुँच के अन्दर हो जिससे व्यवसाय भी प्रभावित नहीं हो। लेकिन अधिकारियों ने बिना कोई योजना बनाये कार्रवाई शुरू कर दी जो अनुचित है। उन्होंने कहा कि शहर से सटी जगहों को चिन्हित कर ग्वाला नगर बसाये जाएँ तो ठीक रहेगा अन्यथा उपभोक्ता परेशान होगा और दूध का व्यापर भी प्रभावित होगा।

पिपरौली में 190 प्लॉट 700 डेयरियाँ कैसे शिफ्ट होंगी

प्रशासन ने अभी पिपरौली में ग्वाला नगर बसाया है यहाँ 1000 से 2000 वर्ग फीट के 190 प्लॉट हैं जिनपर 700 डेयरियों को  शिफ्ट किया जाना है। खास बात ये है कि ये प्लॉट पशुपालकों को खरीदने होंगे जिसके लिए उन्हें तैयार करना मुश्किल काम होगा। ऐसे में लगता है कि इस बार भी भैंस डेयरियो को ग्वाला नगर भेजने की बात कागजों तक ही सीमित रह जायेगा।