Order-to-return-the-money-to-the-investors-by-clenching-the-property-of-dairy

 ग्वालियर।  जिला न्यायालय ग्वालियर ने सक्षम डेयरी इण्डिया लिमिटेड के निवेशकों को राहत देते हुए कलेक्टर ग्वालियर को आदेश दिया है कि कम्पनी की कुर्क संपत्तियों को बेचकर निवेशकों को उनका पैसा दिलाया जाए। 

लोक अभियोजक बीएम श्रीवास्तव ने जानकारी देते हुए बताया कि 2011 में शिवपुरी निवासी सक्षम डेयरी के संचालक आनंद शर्मा ने लोगों को अपने यहाँ पैसे लगाने के लिए कहा। निवेशकों से कहा गया कि उनका पैसा 6 साल में तीन गुना कर उन्हें  लौटा दिया जायेगा। कम्पनी की स्कीम को फायदे का सौदा समझकर लालच में आये सैंकड़ों लोगों ने इसमें पैसा निवेश कर दिया लेकिन पैसा वापस करने का समय आया तो आनंद शर्मा ने आनाकानी शुरू कर दी और अपना ऑफिस बंद कर फरार हो गया। पैसे के लिए परेशान निवेशकों ने मामले की शिकायत कलेक्टर से की।  जिसकी जांच के बाद कलेक्टर ने कम्पनी की ग्वालियर में स्थित संपत्तियां कुर्क करने के आदेश दिए। उधर अपने जीवन की गाढ़ी कमाई बर्बाद होने से परेशान निवेशकों ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। जिला न्यायालय के निर्देश पर आनंद शर्मा के वकील समय लेते रहे और सुनवाई चलती रही। न्यायालय ने जब आनंद शर्मा को तलब किया तो मालूम चला की वो शिवपुरी की जेल में हत्या के मामले में बंद है। उसके बाद उसके वकीलों के माध्यम से 15 जुलाई को न्यायालय में स्वीकार किया कि  कम्पनी की कुर्क संपत्ति को बेचकर निवेशकों को पैसा लौटाया जाये। मामले की सुनवाई करते हुए आज जिला एवं सत्र न्यायाधीश दीपक कुमार अग्रवाल ने कलेक्टर ग्वालियर को आदेश दिया कि कम्पनी की कुर्क संपत्ति को बेचकर निवेशकों का पैसा लौटाया जाये। गौरतलब है कि सक्षम डेयरी की ग्वालियर खूबी की बजरिया सिंघल टावर,ग्राम बेहटा, मयूर मार्केट,महाराजपुरा में करोड़ों की सम्पति है। इसका आंकलन 2012 में ढाई करोड़ किया गया था। यहाँ बता दे कि सक्षम डेयरी में मध्यप्रदेश के अलावा उत्तरप्रदेश  के लोगों ने भी करोड़ों रुपये का निवेश किया है आज सुनवाई के दौरान भी लगभग 60 निवेशक न्यायालय में मौजूद थे।