pawiya-on-SC's-decision-No-conclusion-will-arise-from-arbitration-panel

ग्वालियर|  बीजेपी के वरिष्ठ नेता,पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं राम मंदिर आन्दोलन में अग्रणी भूमिका निभाने वाले  जयभान सिंह पवैया ने राम मंदिर मामले पर मध्यस्थता पैनल बनाने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर कहा कि इससे कोई निष्कर्ष नही निकलेगा। पवैया ने कहा कि अकबरउद्दीन ओवैसी और बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी भी समझती है, कि जहां कभी नमाज़ अता हुई ही नहीं,खम्बों पर मंदिर और मूर्तियों के प्रमाण निकले है, वहां कभी मस्जिद हो नहीं सकती है। वहां हिंदुस्तान की आस्था पर हमला कर अतिक्रमण का ढांचा मात्र था। ऐसे में मध्यस्थता का पैनल बनाने से कोई निष्कर्ष नहीं निकलेगा। पवैया के मुताबिक अटल जी और चंद्रशेखर सरकार के समय भी ऐसी कोशिशें शुरुआत में ही नाकाम रही थी। मंदिर का कोई विकल्प नहीं है, क्योंकि जन्मभूमि का मंदिर है।साथ ही उन्होंने कहा कि राम जन्मभूमि पर मस्जिद बने इस बात को हिंदू समाज और साधु संत कभी स्वीकार नहीं करेंगे। आप ही सोचिए क्या किसी मस्जिद की जगह चर्च का निर्माण हो सकता है यदि वहां नहीं हो सकता तो यहां करोड़ों हिन्दुओं की आस्था के प्रतीक राम के जन्म स्थान पर मस्जिद का निर्माण कैसे संभव है ।गौरतलब है कि साल 1992 में बाबरी विध्वंस के समय जयभान सिंह पवैया बजरंग दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे और आन्दोलन में प्रमुख भूमिका में थे उसके बाद इस मामले में सीबीआई की जांच में जयभान सिंह पवैया प्रमुख आरोपियों में से एक है।