गायों की परेशानी देख गौसेवक उतरे सड़कों पर, मंत्री अफसरों को लेकर पहुंचे गौशाला

ग्वालियर, अतुल सक्सेना

नगर निगम द्वारा मार्क हॉस्पिटल परिसर में संचालित गौशाला में गायों को हरा चारा नहीं मिलने और गायों की दुर्दशा देश आक्रोशित गौसेवकों ने चक्काजाम कर दिया। गौसेवकों की नाराजगी की खबर लगते ही ऊर्जा मंत्री कलेक्टर और निगम कमिश्नर को लेकर गौशाला के निरीक्षण पर पहुँच गए। उन्होंने निर्देश दिये कि गौशाला में गायों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होना चाहिए। गुणवत्ता का भोजन उपलब्ध कराने के साथ ही साफ-सफाई और गायों के स्वास्थ्य की जाँच और उपचार की भी पुख्ता व्यवस्था होना चाहिए। गौशाला में प्रतिदिन गायों को हरा चारा मिले, यह सुनिश्चित किया जाए।

गौशाला में गायों को हरा चारा नहीं मिलने और अन्य अव्यवस्थाओं के
चलते गौसेवक कई बार अपनी नाराजगी जता चार हैं लेकिन नगर निगम प्रशासन के अधिकारी लापरवाह बने हुए हैं। बताया जा रहा है कि निगम कमिश्नर संदीप माकिन के आदेश के बाद गोला का मंदिर के पास मार्क हॉस्पिटल परिसर में स्थित गौशाला में रहा रही गायों के लिए हरा चारा बंद कर दिया गया जिसे बाद गायों की हालत खराब होने लगी। गायों की दुर्दशा से गौसेवक आक्रोशित हो गए और उन्होंने आज चक्का जाम कर दिया। जिसके बाद प्रशासन ने उन्हें समझाइश देकर शांत करा दिया। उधर गौसेवकों की नाराजगी के बाद शाम के समय ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर गौशाला के औचक निरीक्षण पर पहुँच गए वे अपने साथ पूर्व विधायक मुन्नालाल गोयल, कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह, नगर निगम आयुक्त संदीप माकिन, सीईओ जिला पंचायत शिवम वर्मा, एडीएम किशोर कान्याल, नगर निगम अपर आयुक्त नरोत्तम भार्गव सहित गौशाला के संत एवं विभागीय अधिकारी शामिल थे।

ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर पहले नगर निगम की लाल टिपारा गौशाला पहुंचे उसके बाद मार्क हॉस्पिटल गौशाला पहुंचे। गौशाला के निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्देश दिए हैं कि गायों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिये पशु चिकित्सा विभाग के दो चिकित्सक गौशाला में तैनात किए जाएं। इसके साथ ही गौशाला में गायों को प्रतिदिन हरा चारा मिले, यह भी सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि गायों की देखरेख में किसी भी प्रकार की कमी नहीं होना चाहिए। प्रदेश सरकार द्वारा भी गायों की देखरेख हेतु प्रति गाय 20 रूपए के मान से प्रतिमाह राशि दी जा रही है। मंत्री श्री तोमर ने गौशालाओं की बेहतर व्यवस्थाओं के लिये शासकीय धनराशि के साथ-साथ जन सहयोग से भी राशि एकत्रित करने पर जोर दिया। उन्होंने कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह से कहा कि जिले की धार्मिक, सामाजिक और बड़े व्यवसाइयों के साथ एक बैठक आयोजित की जाए। इस बैठक में क्षेत्रीय सांसद के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति हो। बैठक में गौशालाओं के संचालन में सभी का सहयोग मिले, यह सुनिश्चित किया जाए।

ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने लाल टिपारा गौशाला एवं मार्क हॉस्पिटल परिसर में संचालित गौशाला में गायों की अधिक संख्या को देखते हुए अतिरिक्त गौशाला के लिये जगह चिन्हित करने तथा गायों को अन्यत्र शिफ्ट करने पर भी विचार करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। इसके साथ ही उन्होंने कलेक्टर से कहा कि मार्क हॉस्पिटल गौशाला एवं लाल टिपारा गौशाला में भी एक-एक आरआई एवं पटवारी को तैनात किया जाए। जो गौशाला में बेहतर प्रबंधन करने तथा चिकित्सकों की उपस्थिति के साथ-साथ अन्य व्यवस्थाओं में भी सहभागी हो सके। पूर्व विधायक मुन्नालाल गोयल ने कहा कि गौ माताओं का संरक्षण करना हमारा दायित्व है। गौशाला में गायों की बेहतर व्यवस्था हो, इसके लिये हर संभव प्रयास किए जाना चाहिए। शासकीय प्रयासों के साथ-साथ शहर की सामाजिक, धार्मिक संस्थाओं एवं अन्य गणमान्य नागरिकों से भी सहयोग लिया जाना चाहिए।

कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने निरीक्षण के दौरान आश्वस्त किया कि गौशाला के प्रबंधन हेतु विशेष पहल की जायेगी। गौशालाओं में गायों की संख्या को देखते हुए अन्य स्थान भी चयनित कर गायों को व्यवस्थित करने की दिशा में कार्य किया जायेगा। गौशाला में पशु चिकित्सकों की स्थापना भी शीघ्र की जायेगी, ताकि पशुओं का बेहतर उपचार भी हो सके। नगर निगम आयुक्त संदीप माकिन ने गौशाला के संचालन में की जा रही व्यवस्थाओं के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि लाल टिपारा गौशाला में क्षमता से दो गुना अधिक गायों की उपस्थिति के कारण व्यवस्था में कभी-कभी परेशानी आती है। इसके साथ ही मार्क हॉस्पिटल परिसर में भी बरसात के दौरान समस्या आती है। निगम के माध्यम से गौशाला में गायों की व्यवस्था को और बेहतर करने के लिये कार्य किए जा रहे हैं।