धनतेरस पर शिक्षकों को इसलिए मांगनी पड़ी भीख

इंदौर। आकाश धौलपुरे। 

पांच दिनी दीपोत्सव की पहली सुबह इंदौर में अजीब नजारा देखने को मिला। यहां रीगल तिराहे पर अनुदान प्राप्त विद्यालयो के शिक्षकों ने धनतेरस की शुरुआत भीख मांगकर की। दरअसल, राज्य सरकार ने  प्रदेश के कर्मचारियों  को दीपावली से पूर्व  वेतन दिए जाने  के आदेश दिए हैं  वही इंदौर जिले के अनुदान प्राप्त विद्यालयों के शिक्षकों को सरकार से मिलने वाली एरियर राशि और वेतन नहीं मिल पाया है । इसके चलते अनुदान प्राप्त विद्यालयों के शिक्षकों शुक्रवार को रीगल तिराहे पर मानव श्रृंखला बनाई और भीख मांगी। अनुदान प्राप्त विद्यालयींन शिक्षक कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष बीएस यादव और संरक्षक राजाराम बोरासी ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा एरियर राशि का अलामेंट 1 माह पूर्व कर दिया गया था। लेकिन इंदौर जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के अधिकारियों की हठधर्मिता के चलते उन्हें अब तक एरियर और वेतन राशि नहीं मिली है । जहां एक ओर राज्य सरकार ने कर्मचारियों को अच्छी तरह दीपावली मनाने के लिए 25 अक्टूबर को वेतन देने के आदेश दिए हैं वही अनुदान प्राप्त विद्यालयों के शिक्षकों को एरियर और कई माह पूर्व की वेतन राशि ही नहीं मिल पा रही है। इसके चलते शिक्षक काली दिवाली मनाने को मजबूर है। शिक्षकों ने कहा कि आज भीख मांगने से मिली 519 रुपए की राशि कल जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के अधिकारियों को सौंपेंगे। सरकार के खिलाफ आक्रोशित शिक्षकों बे आगे उग्र प्रदर्शन की चेतावनी भी दी है।