फोन की रिकॉर्डिंग ने सुलझाया डबल मर्डर, देखिए आखिर कैसे..

पाँच शादियाँ कर चुकी थी मृतिका, एक बार फिर अपने चौथे पति से उसकी बढ़ती नजदीकियाँ उसके पाँचवे पति को इस कदर नागावार गुजरी की उसने ऐसा फैसला ले लिया

इंदौर, डेस्क रिपोर्ट। इंदौर पुलिस ने दो दिनों पहले में शहर में हुए मां और बेटे के डबल मर्डर की गुत्थी सुलझा ली है। फोन रिकॉर्डिंग ने मर्डर का राज खोला, मामला इंदौर के गणेश धाम का है, वही पुलिस ने ग्राम सिरसौली जिला अकोला महाराष्ट्र से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी कोई और नहीं बल्कि मृतिका का पाँचवा पति ही निकला, जिसने मृतिका के पहले पति से अवैध संबंधों के चलते उसे मौत के घाट उतार दिया, पुलिस को मोबाइल फोन की रिकार्डिंग को मराठी में हिंदी में अनुवाद कराए जाने पर अवैध संबंधों का खुलासा हुआ था।

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दरअसल फरियादी मंगेश गावंडे ने 12 जनवरी को शिकायत दर्ज कराई थी कि वह गणेश धाम कालोनी में किराये के मकान में रहता है। तीन दिन पूर्व उसके परिचित कुलदीप दिगे अपनी पत्नी शारदा गुर्जर व पुत्र आकाश के साथ जिला अकोला महाराष्ट्र से इंदौर में काम की तलाश में उसके पास आए थे, जो उसके साथ ही उसके कमरे पर रुके थे। शाम को करीबन साढ़े चार बजे जब वह काम से वापस कमरे पर आया तो उसे कमरे में शारदा गुर्जर व आकाश की खून से सनी हुई लाशें मिली एवं शंका जाहिर की कि कुलदीप दिगे दोनों की हत्या कर मौके से फरार हो गया है। पुलिस ने इस मामले में जब मंगेश से पूछताछ की तो पहले तो मंगेश पुलिस को गलत जानकारी देता रहा लेकिन बाद में उसने जब राज खोला तो पुलिस भी हैरान रह गई, मंगेश मृतिका का चौथा पति था और आरोपी उसका पाँचवा पति था।

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इस मामले में अवैध संबंधों का राज तब खुला जब पुलिस ने मंगेश गावंड़े एवं आरोपी कुलदीप दिगे के बिच घटना दिनांक को शाम चार बजे मोबाईल फोन पर हुई बातचीत की रिकार्डिंग्स को सुनने पर मराठी भाषा में हुई इस बातचीत को मराठी भाषी व्यक्ति से हिंदी मे अनुवाद करवाया, जिसमें मंगेश गावंडे एवं मृतिका शारदा के बिच अवैध संबंधों का खुलासा हुआ, बातचीत में आरोपी कुलदीप नें मंगेश से कहा कि -मेरा जीवन अच्छा चल रहा था तुने हमको इंदौर क्यों बुलाया, शारदा तो हरामी है ही लेकिन तुमने मेरे साथ गद्दारी की, तुम भी मरोगे और मैं भी मरुंगा आज ही, कमरे की चाबी संडास के बाजू में खांड में रखी है, दरवाजा खोलो, आपको उसके पास में नींद अच्छी आएगी, तुम शारदा के पास ही रहना अब। दरअसल मंगेश ने ही शारदा को इंदौर बुलवाया, शारदा अपने तीसरे पति जिसे वह छोड़ चुकी थी उसके बेटे आकाश के साथ इंदौर आ गई, शारदा के साथ ही कुलदीप भी आ गया, यहाँ आने के बाद शारदा ने मंगेश को बताया की कुलदीप उसका पीछा नहीं छोड़ रहा है वह उसे छोड़ना चाहती है, जिसके बाद शारदा और मंगेश की नजदीकिया बढ़ गई, कुलदीप ने दोनों को जब एक साथ देखा तो समझ गया की एक बार फिर शारदा मंगेश के साथ रहना चाहती है, बस इसी का गुस्सा उसके सिर कुछ इस तरह चढ़कर बोला की उसने शारदा और उसके बेटे आकाश को ही मौत के घाट उतार दिया, पुलिस ने आरोपी कुलदीप को उसके अकोला के गांव से गिरफ्तार कर लिया है।