बेशकीमती जमीन को फर्जी तरीके से बेचने का मामला, आरोपियों के खिलाफ कोर्ट ने पेश किया आरोप पत्र

जबलपुर, संदीप कुमार

नगर निगम जबलपुर के पूर्व भवन अधिकारी राजवीर नयन, उपयंत्री जीएस चंदेल और राजललित गुमास्ता, समयपाल केदार मिश्रा के अलावा बाहरी व्यक्ति मोहम्मद इस्माइल, जावेद और शप्पू के खिलाफ लोकायुक्त कोर्ट में मंगलवार को आरोप पत्र पेश कर दिया गया।

लोकायुक्त संगठन, विशेष स्थापना पुलिस, जबलपुर ने उक्त सभी के खिलाफ 13 (1) डी, 13 (2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 और भादंवि की धारा 420, 467, 468, 471, 120 बी, 201 के तहत आरोप पत्र लोकायुक्त कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत किया। मामला अधारताल स्थित बेशकीमती जमीन को फर्जी तरीके से बेचने का है।

लोकायुक्त के अनुसार आरोपित मोहम्मद इस्माइल, जावेद व शप्पू पर आरोप है कि उन्होंने नगर निगम अधिकारियों की मिलीभगत से शिकायतकर्ता एमएल जायसवाल की 45 सौ वर्गफुट जमीन चालाकी से हड़पी, इसके बाद उस पर निर्माण की अनुमति हासिल कर निर्माण कर लिया।

इस मामले में नगर निगम, जबलपुर के तत्कालीन अधिकारियों का नाम सामने आने के बाद जमकर हल्ला मचा था। एक बार लोकायुक्त की ओर से खात्मा तक प्रस्तुत कर दिया गया था। लोकायुक्त कोर्ट ने उसे मंजूर न करते हुए नए सिरे से जांच के बाद आरोप पत्र प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। इसी आदेश के पालन में यह आरोप पत्र प्रस्तुत किया गया।