नायब तहसीलदार व पटवारी ने रिश्वत लेने के लिए रखा था व्यक्ति, लोकायुक्त ने की कार्रवाई

जबलपुर। जबलपुर लोकायुक्त पुलिस ने आज शाम पाटन तहसील में छापामार कार्रवाई करते हुए निजी तौर पर काम कर रहे महेंद्र कुमार को रंगे हाथों रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। लोकायुक्त की कार्यवाही के दौरान यह बात सामने आई है कि पाटन तहसील में पदस्थ पटवारी निशा चौधरी ने ही शिकायतकर्ता को बोला था कि रिश्वत के रु महेंद्र को जाकर दे । 

जबलपुर लोकायुक्त पुलिस  की जांच में यह भी सामने आया है कि रिश्वत के इस खेल में पटवारी निशा चौधरी के साथ नायाब तहसीलदार गौरव पांडे भी शामिल हैं।दरअसल पाटन में रहने वाले अनिल पटेल ने अपनी पैतृक जमीन का बटवारा करने के लिए एक आवेदन पाटन तहसील में दिया था। इसी बटवारे को लेकर पटवारी निशा चौधरी ने अनिल पटेल से 18000 रु की मांग की थी। पटवारी ने आवेदक अनिल पटेल को यह बताया था कि इस रिश्वत के रु में नायाब तहसीलदार का भी हिस्सा होगा। लिहाजा इससे कम कीमत में आपका काम नहीं हो सकता। फरियादी अनिल पटेल ने रिश्वत की मांग को लेकर जबलपुर लोकायुक्त से शिकायत की।आज शाम पाटन तहसील में जैसे ही फरियादी अनिल पटेल ने पटवारी निशा चौधरी के कहने अनुसार प्राइवेट कर्मचारी के रूप में काम कर रहे महेंद्र को 18000 रु की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया वैसे ही पटवारी और नायाब तहसीलदार मौके से फरार हो गए।लोकायुक्त पुलिस की पूछताछ के दौरान महेंद्र ने बताया कि पटवारी निशा चौधरी ने उन्हें रिश्वत के रुपए लेने को कहा था। साथ ही यह भी कहा कि रिश्वत के 3000 रु  पटवारी को मिलने थे और बाकी के 15000 रु नायाब तहसीलदार गौरव पांडे के थे।बहरहाल लोकायुक्त पुलिस ने महेंद्र के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। जबकि पटवारी निशा चौधरी और नायाब तहसीलदार गौरव पांडे मौके से फरार हो गए जिनकी तलाश की जा रही है।