जबलपुर : विधायक के खिलाफ दायर याचिका हुई हाई कोर्ट में स्वीकार , 5 सितम्बर को होगी सुनवाई

याचिकाकर्ता ने बताया कि 18 नवंबर 2014 को जब वह शासकीय अस्पताल गोटेगांव में खड़ा हुआ था उसी समय विधायक जालम सिंह पटेल अपने बेटे मोनू पटेल और शरद बरकड़े के साथ पहुँचे और लाठी डंडों से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था।

जबलपुर, संदीप कुमार। जबलपुर जिले के गोटेगांव विधायक और पूर्व मंत्री जालम सिंह पटेल उनके पुत्र मोनू पटेल और गार्ड शरद बरकड़े के खिलाफ सुनवाई के लिए दायर की गई याचिका को हाइकोर्ट में स्वीकार कर लिया गया है। इस मामले की सुनवाई 5 सितंबर को की जाएगी ।

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आपको बता दें पटेल के खिलाफ यह याचिका गोटेगांव के पत्रकार गोविंद केटले की ओर से दायर की गई है, केटले ने  सांसद विधायकों के विशेष अदालत के फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती दी थी। याचिकाकर्ता ने बताया कि 18 नवंबर 2014 को जब वह शासकीय अस्पताल गोटेगांव में खड़ा हुआ था उसी समय विधायक जालम सिंह पटेल अपने बेटे मोनू पटेल और शरद बरकड़े के साथ पहुँचे और लाठी डंडों से हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था। गोविंद की शिकायत पर शासन ने जाँच के लिए SIT की टीम को गठित किया था। इसके बाद मामले की जाँच कर विधायक सहित अन्य के खिलाफ धारा 323,325,427,307 के तहत प्रकरण कायम कर कोर्ट के समक्ष रखा गया था।

29 अप्रैल 2022 को सांसद और विधायको की विशेष अदालत ने सुनवाई करते हुए सभी को दोषमुक्त कर दिया। गोविंद केटले ने सांसद-विधायकों की विशेष अदालत के फैसले को हाई कोर्ट में चुनोती देते हुए याचिका दायर की थी । जस्टिस सुजय पाल और जस्टिस पी.सी गुप्ता की डिवीजन बैंच ने गोविंद की याचिका को सुनवाई के लिए स्वीकार करते हुए सांसद-विधायको की विशेष अदालत से रिकॉर्ड तलब किया है। इस मामले की अगली सुनवाई अब 5 सितम्बर को होंगी।