निजी एजेंसियों के हाथों में होगी अब सरकारी स्कूलों की सुरक्षा की जिम्मेदारी

जबलपुर।

 मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में टूटे-फूटे, सुविधा विहीन शौचालयों और सुरक्षा के इंतजाम न होने के कारण लगातार घटती छात्रों की संख्या से परेशान शिक्षा विभाग अब छात्रों की सुरक्षा और साफ सफाई के लिए नई कवायद करने जा रहा है। इसके चलते शिक्षा विभाग ने जबलपुर सहित प्रदेश भर के सरकारी स्कूलों की रिपोर्ट का आंकलन करने के बाद सरकारी स्कूलों की सुरक्षा की जिम्मेदारी अब निजी एजेंसियों के हाथों में देने का फैसला किया है।

स्कूलों में छात्रों की सुरक्षा के साथ साफ-सफाई से लेकर परिसरों को स्वच्छ रखने का काम भी निजी एजेंसियां संभालेंगी… सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता बढ़ाने की दिशा में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा शुरू किए गए अभियान के तहत ही ये जिम्मेदारी निजी हाथों में सौंपी जाएगी।

दरअसल शिक्षा विभाग के अधिकारियों की माने तो राज्य शिक्षा केन्द्र ने  ऐसे स्कूलों के रख रखाव और बच्चों की सुरक्षा का काम निजी एजेंसियों से कराने के निर्देश दिए है,जिन स्कूलों में कर्मचारियों की कमी है,और जिसके कारण स्कूलों में साफ सफाई के अभाव में शौचालय और परिसर में गंदगी फैली रहती है,और गंदगी के इस माहौल के बीच न केवल शौचालय का इस्तेमाल करना पड़ता था,बल्कि मजबूर होकर पढ़ाई भी करनी पड़ती है,इन तमाम बातों को देखते हुए सरकारी स्कूलों की साफ सफाई और सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी निजी हाथों में देने का फैसला किया है,शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि विभाग की इस कवायद से न केवल स्कूलों के हालात बदलेगें,बल्कि कर्मचारियों की कमी भी पूरी हो सकेगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here