मकान मालिक की प्रताड़ना से परेशान युवती पुल से कूदने पहुँची, लोगों ने बचाया

जबलपुर| संदीप कुमार| लॉक डाउन के चलते जबलपुर में 21 मार्च से पूरा शहर बंद है। लिहाजा ऐसे समय में स्वयंसेवी संस्थाओं ने गरीबों और भूखो को खाना बांटने का बीड़ा उठाया है। आज शाम जब मोक्ष संस्था के सदस्य तिलवाराघाट के पास से खाना बांट कर वापस शहर आ रहे थे तभी उन्होंने देखा कि नर्मदा नदी के तिलवाराघाट पुल पर एक लड़की लटकी हुई है। संभवता वह आत्महत्या करने के लिए ही तिलवारा पुल से कूदने का प्रयास कर रही थी और इसी दौरान वह तिलवारा पुल में जाकर लटक गई। आनन-फानन में मोक्ष संस्था के सदस्यों ने तुरंत ही युवती को पुल से खींचकर बाहर निकाला।साथ ही तिलवाराघाट थाना पुलिस को युवती के विषय में सूचना दी।

मौके पर पहुंची पुलिस ने जब युवती से पूछताछ की तो जवाब यह था कि वह बीते 21 मार्च से अपने घर पर है चूँकि युवती के पिता विकलांग है लिहाजा युवती की मां जहां दूसरों के घरों पर बर्तन धोकर गुजर-बसर करती है वही युवती भी एक निजी दुकान में काम करती है पर लॉक डाउन के चलते 20 मार्च से वह दुकान नहीं जा पा रही है। इधर युवती के परिजनों को मकान मालिक लगातार किराए के लिए परेशान कर रहा है। पुलिस को युवती ने बताया कि वह आमनपुर में रहती है और उसका मकान मालिक प्रीतम पटेल बीते तीन-चार दिनों से रोजाना उसके घर पर आकर किराए की मांग कर रहा है। परिवार की हालत इतनी अच्छी नहीं है कि वह है अभी किराया दे सके। बीते माह राशन के रु भी किराए के रूप में दे दिए थे। इस माह काम ना लगने के चलते उनके पास इतने पैसे नहीं है कि वह अभी किराया दे सकें पर लगातार मकान मालिक के दबाव के चलते आज वह परेशान हो गई और तिलवाराघाट पुल पर आत्महत्या करने के लिए पहुंच गई।बहरहाल युवती को तिलवाराघाट थाना में बैठाया गया है साथ ही उनके परिजनों को सूचना भी दे दी गई है।हम आपको बता दें कि हाल ही में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने घोषणा भी की थी कि किसी भी किराएदार से मकान मालिक किराए के लिए जबरदस्ती नहीं कर सकता है बावजूद इसके इस तरह की घटनाएं आम हो गई हैं ।अब देखना यह होगा कि ऐसे मकान मालिकों पर सरकार किस तरह की कार्यवाही करती है।