छात्रों से स्कूल में मारपीट करने वाला चपरासी सस्पेंड, मंत्री ने दिया जांच का आश्वासन

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कटनी। वंदना तिवारी। 

मध्य प्रदेश के कटनी जिले के बड़वारा माध्यमिक स्कूल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इस वीडियो में स्कूल का चपरासी छात्रों की बेरहमी से पिटाई करते दिख रहा है। पिटाई लगाने वाला शख्स चपरासी बताया जा रहा है। जिन छात्रों को वह बेरहमी से पीट रहा है वह छठवीं कक्षा के छात्र बताए जा रहे हैं। यही नहीं सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि चपरासी शराब के नशे में बच्चों से इस तरह की हरकत करता रहता है। पहले कभी किसी ने वीडियो नहीं बनाया। यही नहीं मारपीट के अलावा वह बच्चों को गाली गलोच भी कर रहा है। 

ये सभी शासकीय माध्यमिक बड़वारा स्कूल के 6वी क्लास के बच्चे हैं। इन सभी बच्चों की बड़ी बेरहमी से स्कूल के चपरासी मीणा मिश्रा के द्वारा शराब के नशे में चूर हो के पिटाई की गई है। चपरासी ने मासूम बच्चों की पिटाई सिर्फ इस बात पर कर दी कि बच्चों लंच के बाद क्लास में आने से मात्र देरी हुई थी। फिर चपरासी अपने एक साथी के साथ क्लास में बैठकर बारीबारी से पिटाई शुरू कर दी। जब मासूम बच्चों की पिटाई हो रही थी। उस समय स्कूल में मात्र एक शिक्षिका थी और स्कूल के प्राचार्य काम के चलते स्कूल के बाहर गए हुए थे। जब प्राचार्य स्कूल में आए तो बच्चों ने चपरासी के द्वारा पिटाई की जानकारी दी। प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री डॉक्टर प्रभुराम चौधरी ने इस संबंध में कहा कि मीडिया के द्वारा मामला संज्ञान में आया है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की गई है। कलेक्टर ने फिलहल चपरासी को सस्पेंड कर दिया है। 

जब बच्चों के साथ बेदम पिटाई की जानकारी शिक्षा विभाग के अधिकारियों से लेनी चाहिए तो उनका कहना था कि आप के द्वारा जानकारी मिली है। जिसके बाद स्कूल के प्राचार्य जीपी दाहिया से फोन में बात की गई और बीआरपी से प्रतिवेदन देने की बात कहते रहे और वीडियो में जो बच्चों की पिटाई कर रहा है उसके बारे में जानकारी जुटाने की बात कही। 

बच्चों की पिटाई का मामला सामने आने के बाद कलेक्टर शशिभूषण सिंह ने चपरासी को तत्काल सस्पेंड कर दी और जिला शिक्षा अधिकारी को पूरे मामले की जांच रिपोर्ट बनाने के निर्देश दिए है। सवाल ये है कि चपरासी कैसे स्कूल में शराब पीकर रोजाना आता रहा और स्कूल के प्रबंधक ने इसके पहले कोई कार्यवाही क्यो नही की। इस बात का जवाब जांच के बाद साफ हो पाएगा कि इस घटना में चपरासी के अलावा स्कूल के स्टॉप भी दोषी है या नही ।