बड़वाह : तहसीलदार की दरियादिली, पहले व्यक्ति को भेजा नमाज पढ़ने फिर भेजा जेल

जनता बूट हाउस की दुकान को खुला पाया जाने के बाद दुकानदार मोहम्मद के ऊपर 500 रुपए की चालानी कार्यवाही की गई।

बड़वाह, बाबूलाल सारंग। बढ़ते कोरोना संक्रमण (Corona infection) के मद्देनज़र प्रदेश में हर जगह लॉकडाउन (Lockdown) लगाया गया है उसके चलते सरकार के छोटे से बड़े हर अधिकारी और कर्मचारी रात दिन अपनी जान दांव पर रखकर जनता की जान बचाने में लगे हुए हैं वही बड़वाह में भी कोरोना संक्रमण के चलते बंद घोषित किया गया है बावजूद इसके कुछ लोग चोरी छुपे अपनी दुकान खोल रहे हैं और लोगों को सामान बेच रहे हैं बड़वाह (Badwah) में नायब तहसीलदार (Tehsildar) टी विस्के कोरोना नियमों का पालन करवाने का मोर्चा संभाले हुए हैं इसी के चलते तहसीलदार ने बाजार का निरीक्षण किया और खुली दुकानों पर कार्यवाही भी की।

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तहसीलदार और सीएमएचओ (CMHO) अचानक बाजार का दोपहर में निरीक्षण करने पहुंचे जहां पर जनता बूट हाउस की दुकान को खुला पाया गया जिसके बाद दुकानदार मोहम्मद के ऊपर 500 रुपए की चालानी कार्यवाही की गई और दुकान को सील किया गया। सुभाष मार्ग पर जनता बूट हाउस की दुकान चला रहा था, पूर्व में भी कई बार उसे समझाया गया था लेकिन बार बार समझने के बाद भी मोहम्मद नहीं माना। पर जैसे ही दुकान पर कार्यवाही हुई तो दुकान का मालिक मोहम्मद अधिकारियों से बहस करने लगा जिसके बाद नायाब तहसीलदार ने अपनी टीम को उसे अस्थाई जेल भेजने को भी कहा, फिर क्या था मोहम्मद का सारा गुस्सा धरा की धरा रह गया और वो अधिकारियों के सामने गिड़गिड़ाने लगा, वही उसने नमाज पढ़ने की भी बात कही उसने कहा कि मुझे अभी नमाज पढ़ने जाना है जिसके बाद नायाब तहसीलदार ने उसे जाने की परमिशन दी और कहा कि नमाज पढ़ने के बाद मिडिल स्कूल में बनी अस्थाई जेल आने को कहा।

वही जैसे ही इस कार्यवाही की भनक अन्य व्यापारियों को लगी तो सब अपनी दुकाने बन्द कर अपने घर की ओर निकल गए। बड़वाह में कोरोना संक्रमण की संख्या बढ़ती जा रही, जिसके चलते प्रशासन भी अब एक्शन मोड में नजर आ रहा है। वही टी विस्के नायब तहसीलदार ने बताया कि हमें कार्यवाही करने में मजा नहीं आता है, लोगों को ये समझ नहीं आता की वो चंद पैसे के लालच में अपनी जान गवा बैठेंगे, इसलिए अपनी नहीं तो अपने परिवार के बारे में सोचो उनका क्या होगा।

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