लोकायुक्त के जाल में फंसा पटवारी, रिश्वत लेते रंगेहाथ धराया

वेतन

रीवा| मध्य प्रदेश के रीवा जिले में लोकायुक्त पुलिस ने एक पटवारी को रिशवत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार किया है| पटवारी कृषि भूमि के सीमांकन के लिए रिश्वत मांग रहा था, जिसकी शिकायत लोकायुक्त तक पहुंची थी| जिसके बाद शनिवार को लोकायुक्त की टीम ने कार्रवाई करते हुए पटवारी को रिश्वत की रकम के साथ रंगेहाथों पकड़ लिया| 

जानकारी के मुताबिक रीवा जिले के जवा तहसील मुख्यालय के पटवारी प्रदीप मिश्रा को आज लोकायुक्त पुलिस ने पांच हजार रुपए की रिश्वत लेते रगें हाथों गिरफ्तार कर लिया। शिकायतकर्ता प्रधान लाल सोनकर की शिकायत पर लोकायुक्त ने पटवारी प्रदीप मिश्रा को उसके जवा स्थित किराए के मकान में रिश्वत के साथ पकड़ा| बताया गया है कि आरोपी पटवारी ने चांदी गांव निवासी प्रधानलाल सोनकर से उनकी कृषि भूमि के सीमांकन के लिए दस हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। बाद में सौदा पांच हजार रुपए में तय हुआ था।

लोकायुक्त  के 20 सदस्यीय टीम ने इंस्पेक्टर हितेंद्र नाथ शर्मा और विद्यावारिध तिवारी के मार्गदर्शन में आज सुवह 8 बजे पटवारी प्रदीप मिश्रा के किराए के घर में छापामार कर 5 हजार की रिश्वत लेते घूसखोर पटवारी प्रदीप मिश्रा को रंगे हाथों पकड़ा। शिकायतकर्ता प्रधानलाल सोनकर का कहना है मैंने अपने खेत के सीमांकन के लिये 10 माह से पटवारी के रूम का चक्कर लगा रहा  था लेकिन पटवारी प्रदीप मिश्रा पैसे के चक्कर में आज कल करते हुए आज दिनांक तक सीमांकन के लिए तैयार नही हुए । तब परेसान होकर मैंने उनसे बात की कि सर कब और कैसे होगा तो उन्होंने कहा कि दस हजार रूपये दे तो काम हो जायेगा, तब हमने अपनी मजबूरी को  बताते हुए निवेदन किया तब कही जाकर 5 हजार रूपये में सीमांकन के लिए तैयार हुए। जिसकी शिकायत मैंने लोकायुक्त में की| जिसके बाद आज लोकायक्त ने पटवारी को रंगेहाथ पकड़ लिया|