जम्मू- सुंजवां कैंप में आतंकी हमलें में सतना के नौगवां CISF के ASI शंकर प्रसाद शहीद

सतना, डेस्क रिपोर्ट। जम्मू में हुए एक आतंकी हमलें में सतना के जवान शंकर प्रसाद पटेल शहीद हो गए, घटना शुक्रवार सुबह की है, बताया जा रहा है कि जम्मू के भटिंडी सुंजवां कैंप के पास शुक्रवार सुबह अचानक सुरक्षा बलों पर आतंकियों ने फायरिंग की। आतंकियों की इस नापाक हरकत का जबाव देते हुए भारतीय जवानों ने जवाबी फायरिंग की।दोनों तरफ से हो रही लगातार फायरिंग के बीच आतंकियों ने ग्रेनेड से हमला कर दिया, उसी दौरान ग्रेनेड मौके पर आतंकियों से लड़ रहे CISF के ASI शंकर प्रसाद पटेल के करीब जाकर फटा और वह शहीद हो गए। शहीद शंकर प्रसाद पटेल मैहर में अमदरा के समीप ग्राम नौगवां के रहने वाले थे। शहीद शंकर प्रसाद CISF में सहायक उप निरीक्षक के तौर पर पदस्थ थे। पहले वह भिलाई छत्तीसगढ़ में पदस्थ थे, जहां से 18 अप्रैल को ही उन्हें स्पेशल ड्यूटी में बटालियन के साथ जम्मू भेजा गया था। वे दो साल बाद यानी 2024 में रिटायर होने वाले थे।

यह भी पढ़ें… MP News : शरीर से पसीने के बजाय निकल रहा था खून, फिर किया गया ऐसे इलाज कि हुआ चमत्कार।

 

जैसे ही शंकर प्रसाद की शहादत की खबर उनके गृह ग्राम पहुंची मातम छा गया, परिवार के लिए यह भरोसा करने लायक ही नहीं था उनकी माने तो ने ड्यूटी पर जाने से पहले गुरुवार को अपनी पत्नी और छोटे बेटे से फोन पर बात की थी और जल्द घर आने की बात उन्होंने कही थी। बताया जा रहा है कि शहीद का पार्थिव शरीर शनिवार दोपहर तक उनके गृह ग्राम पहुंचने की संभावना है। पार्थिव देह को जम्मू से विशेष विमान से जबलपुर लाया जाएगा। वहां से नौगवां का लाल सड़क मार्ग से तिरंगे में लिपटा अपने गृह ग्राम पहुंचेगा। वही शंकर प्रसाद की शहादत की खबर मिलते ही उनके घर प्रशासन की टीम भी पहुंच गई है और शहीद के पार्थिव शरीर के आगमन तथा अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुट गई है।

यह भी पढ़ें… MP : विभाग की नई व्यवस्था, ऑनलाइन भेजी जाएगी कमीशन की राशि, सिंगल क्लिक के माध्यम से होगी अंतरित

शंकर प्रसाद पटेल की शहीद होने की सूचना जैसे ही उनके साथियों को मिली, सभी गमगीन हो गए, बताया जा रहा है कि सुबह करीबन सवा चार बजे  सुंजवां कैंप के आतंकियों की सूचना मिलने पर सुरक्षाबल पहुंचे थे। सुरक्षाबलों के पहुंचते ही आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी जिसके बाद जबावी हमले में सुरक्षाबलों ने भी फायरिंग की इसमें 2 आतंकवादी ढेर कर दिए गए और एक अफसर शहीद हुआ। इस एनकाउंटर में 5 जवान घायल भी हुए हैं। गौरतलब है कि अनुच्छेद 370 खत्म किए जाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहली बार 24 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के दौरे पर रहेंगे। लेकिन प्रधानमंत्री के दौरे से ठीक पहले हुए इस हमलें में फिलहाल हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।