लापरवाही: राजकीय शोक समाप्त होने के बाद भी झुका है तिरंगा

टीकमगढ़। आमिर खान। 

मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कैलाश जोशी के निधन के बाद प्रदेश में घोषित तीन दिवसीय राजकीय शोक समाप्त हो गया है। इसके बाद भी टीकमगढ़ जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय का तिरंगा आज भी आधा झुका कर रखा गया। दोपहर 12:30 बजे के लगभग कलेक्ट्रेट भवन में लगा तिरंगा झुका दिखाई दिया। हालांकि इसमें लापरवाही किसकी है यह जांच का विषय है। फिर मामले में जब कलेक्टर सौरभ कुमार सुमन से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने फोन उठाना भी मुनासिब नहीं समझा, इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि जब कलेक्टर सहाब को फोन उठाने का समय नहीं है, तो अधीनस्थों का हाल क्या होगा। इसी का कारण यह है कि राजकीय शोक समाप्त होने के बाद भी कलेक्ट्रेट भवन में तिरंगा आधा झुका रहा।

भाजपा प्रवक्ता रजनीश अग्रवाल का कहना है कि, ये घोर लापरवाही है, राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान होना चाहिए, जिसने भी ये चूक की है उसके खिलाफ कड़ी कार्यवाही होना चाहिए। 

राष्ट्रीय ध्वज (National Flag) को फहराने के नियम और कानून

1. तिरंगा (National Flag) हमेशा सूर्योदय से सूर्यास्त के बीच ही फहराया जा सकता है.

2. तिरंगे को कभी झुकाया नहीं जाता, न ही जमीन पर रखा जाता है. आदेश के बाद ही सरकारी इमारतों पर झंडे को आधा झुकाकर फहराया जा सकता है.

3. झंडे (Flag of India) को कभी पानी में नहीं डुबोया जा सकता, झंडे को किसी भी तरह से नुकसान नहीं पहुचाया जाता है. झंडे के किसी भाग को जलाने, नुकसान पहुंचाने के अलावा मौखिक या शाब्दिक तौर पर इसका अपमान करने पर तीन साल तक की जेल या जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं. 

4. तिरंगे (Flag) का आकार आयताकार होना चाहिए. इसकी लंबाई और चौड़ाई का अनुपात 3:2 का होना चाहिए.

5. तिरंगा हमेशा कॉटन, सिल्क या फिर खादी का ही होना चाहिए.

6. केसरिया रंग को नीचे की तरफ करके तिरंगा फहराना गलत है. 

7. तिरंगे को हमेशा अपने पास की सबसे ऊंची जगह पर फहराना चाहिए.

8. तिरंगे का इस्तेमाल किसी कार्यक्रम में मेज को ढकने या मंच को सजाने में नहीं किया जाता है.

9. कभी भी फटा या मैला-कुचैला तिरंगा नहीं फहराया जाता है. झंडा फट जाए, मैला हो जाए तो उसे एकांत में आग में जला देना चाहिए या अन्य किसी तरीके से नष्ट करना चाहिए, ताकि उसकी गरिमा बनी रहे. झंडे को पवित्र नदी में जल समाधि भी दी जा सकती है.

10. तिरंगे के कपड़े बनाकर पहनना गलत है. तिरंगे को अंडरगार्मेंट्स, रुमाल या कुशन आदि बनाकर इस्तेमाल करना तिरंगे का अपमान है.