भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (madhya pradrsh) में विधानसभा उपचुनाव (Assembly by-election) के लिए जारी सियासी घमासान के बीच जुबानी जंग भी तेज हो गई है। रैली और सभाओं में राजनेता जमकर बयानबाजी कर रहे हैं। इस दौरान नेताओं की जुबान जमकर फिसल रही है और विवादित बोल निकल रहे है। राजनेताओं के बिगड़े बोल से सियासी पारा गर्मा गया है। राजनीतिक दल एक दूसरे के खिलाफ शिकायत दर्ज करवा रहे हैं। इस बार भाजपा (bjp) ने कांग्रेस (congress) के दो बड़े नेताओं के खिलाफ निर्वाचन आयोग से शिकायत की है।

भाजपा विधि प्रकोष्ठ के अध्यक्ष संतोष शर्मा के नेतृत्व में बुधवार को भाजपा प्रतिनिध मंडल ने चुनाव आयोग पहुंचकर राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष शोभा ओझा (shobha ojha) समेत कुल पांच मामलों में कांग्रेस की शिकायत की है। भाजपा ने शोभा ओझा के बयान पर आपत्ति जताते हुए संवैधानिक पद के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। अपनी शिकायत में भाजपा ने कहा है कि शोभा ओझा ने संवैधानिक पद पर होते हुए राजनीतिक बयान दिया है, जो कि गलत है। ऐसे में निर्वाचन आयोग को तत्काल कार्यवाई करते हुए उन्हें पद से बर्खास्त कर देना चाहिए। इसके अलावा भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मंत्री पीसी शर्मा (pc sharma) के मंत्री इमारती देवी (imarti devi) पर दिए बयान पर जताई अप्पति हुए उन पर भी कार्रवाई की मांग की है।

गौरतलब है कि मंगलवार को शोभा ओझा का एक बयान सामने आया था, जिसमें उन्होंने कमलनाथ का बचाव करते हुए सीएम शिवराज पर जमकर निशाना साधा था। शोभा ओझा ने शिवराज सरकार के दौरान प्रदेश में हुए बलात्कार के मामलों के आंकड़ों और मंत्री बिसाहूलाल सिंह के कांग्रेस प्रत्याशी की पत्नी के लिए विवादित बयान पर घेरते हुए सवाल पूछा था।