उन्होंने मेरा हाथ पकड़ा और कहा, “हां, तुमने कर दिखाया”- लेफ्टिनेंट निकिता कौल

मेजर धौंडियाल से उनकी शादी के एक साल पूरे भी नहीं हुए थे कि पुलवामा हमले में मेजर धौंडियाल ने देश के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे।

लेफ्टिनेंट निकिता

नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। पुलवामा शहीद की पत्नी अब लेफ्टिनेंट निकिता कौल (lieutenant nikita kaul) बन गयीं हैं। 29 वर्षीय लेफ्टिनेंट निकिता कौल, शौर्य चक्र (shaurya chakra) से सम्मानित मेजर विभूति शंकर धौंडियाल (major vibhuti shankar dhoundiyal) की पत्नी हैं। मेजर विभूति शंकर फरवरी 2019, कश्मीर में हुए पुलवामा हमले (pulwama attack) में आतंकवादियों (terrorist) से देश के लिए लड़ते हुए वीरगति को प्राप्त हो गए थे। जिसके बाद निकिता ने अपने शहीद पति को असल श्रद्धांजलि (tribute) देने के मकसद से आर्मी में भर्ती होने का निर्णय लिया था।

लेफ्टिनेंट निकिता

यह भी पढ़ें… MP के 38 डॉक्टर्स को मेडिकल काउंसिल ने दिया नोटिस, ये है कारण

शनिवार को निकिता ऑफीसर्स ट्रेनिंग अकादमी में अपनी ट्रेनिंग खत्म करने के बाद लेफ्टिनेंट बन गयीं हैं। इसका जश्न चेन्नई में बेहद आम तरीके से कोविड-19 की गाइडलाइन को फॉलो करते हुए मनाया गया। निकिता इसके पहले दिल्ली की मल्टीनेशनल कंपनी में काम करती थीं। मेजर धौंडियाल से उनकी शादी के एक साल पूरे भी नहीं हुए थे कि पुलवामा हमले में मेजर धौंडियाल ने देश के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे। उनके शहीद होने के उपरांत उनके घर दहरादून मे उनकी अंतिम विदाई का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ था और सभी ने उन्हें भाव-भीनी श्रद्धांजलि दी थी।

यह भी पढ़ें… कर्मचारी आयोग की सीएम शिवराज से मांग- अनुकंपा नियुक्ति योजना पर करें पुनर्विचार

इतनी कम उम्र में आर्मी अफसर बनने पर निकिता ने अपने परिवार वालों का शुक्रिया अदा किया है। उन्होंने कहा कि घर वालों और दोस्तों के साथ के बिना ये कर पाना सम्भव नहीं था। उन्होंने कहा, ” ये उनके सहयोग और विश्वास के बिना मुमकिन नहीं था। जिस दिन मैंने ओटीए में 11 महीने की ट्रेनिंग के लिए कदम रखा था, उस दिन से मैं विभू के आर्मी अफसर बनने के सफर को याद करती आ रहीं हूं। वो मेरे जीवन का हिस्सा हैं और हमेशा मेरे करीब हैं। आज भी मैं महसूस कर सकती हूँ कि वो मेरे पास हैं और मेरा हाथ पकड़ कर कह रहे हैं, हां तुमने कर दिखाया।”