MP Electricity : उपभोक्ताओं की जेब पर नए साल में बढ़ेगा खर्च, फिर बढ़ सकते हैं बिजली के दाम

हालांकि नए वर्ष में जो बिजली बिल जारी किए जाएंगे। उसमें बिजली के दाम बढ़े रहेंगे।

Electricity employees

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश के बिजली (MP Electricity) उपभोक्ताओं (consumers) को एक बार फिर से बड़ा झटका लगने वाले है। दरअसल बिजली के दामों में इजाफा करने अब बिजली कंपनी फ्यूल कॉस्ट एडजस्टमेंट (Fuel Cost Adjustment) के जरिए दाम बढ़ाने की तैयारी में है। माना जा रहा है कि नए साल में लोगों की जेब पर एक और बोझ बढ़ जाएगा। संभव है कि जनवरी में प्रति यूनिट पर करीब 6 पैसा देना होगा, मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी (MP Power management company) ने इसकी तैयारी की है।

दरअसल मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी ने विद्युत नियामक आयोग को 6% प्रति यूनिट पर FCA लागू करने का प्रस्ताव भेजा है। विद्युत नियामक आयोग की तरफ से मंजूरी मिल जाती है तो 100 यूनिट मासिक खपत पर उपभोक्ताओं के बिल पहुंचेंगे। मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी ने इस संबंध में पिछले दिनों प्रस्ताव आयोग को भेजा है। हालांकि इसके लिए मंजूरी मिलना बाकी है।

ज्ञात हो कि हर तिमाही पर मध्य प्रदेश विद्युत नियामक आयोग द्वारा FCA तय किया जाता है। कच्चे माल की उपलब्धता के आधार पर FCA निर्धारित होते हैं। वहीं कई महीनों से मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी आयोग से FCA पर चार्ज बढ़ाने की मांग कर रहा है। इसके लिए कई बार प्रस्ताव भेजे जा चुके हैं। हालांकि नए वर्ष में जो बिजली बिल जारी किए जाएंगे। उसमें बिजली के दाम बढ़े रहेंगे।

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इसके अलावा यदि FCA पर मंजूरी मिल जाती है तो इसका सीधा सीधा असर बिजली बिल पर होगा। बिजली कंपनी ने 8.71% बिजली की कीमत बढ़ाने का भी प्रस्ताव भेजा था। हालांकि इस पर मध्य प्रदेश विद्युत नियामक आयोग द्वारा अभी फिलहाल सुनवाई नहीं की गई है। माना जा रहा है कि जल्द ही इस प्रस्ताव पर भी सुनवाई की जाएगी। वहीं यदि आयोग द्वारा इस प्रस्ताव को मंजूर किया जाता है तो अप्रैल महीने से बिजली उपभोक्ताओं को महंगी बिजली खरीदनी पड़ सकती है।

हालांकि इस वर्ष भी उपभोक्ताओं को बिजली बिल को लेकर एक झटका मिल चुका है। दरअसल मौजूदा वर्ष में बिजली नियामक बोर्ड द्वारा मंजूरी मिलने के बाद मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी द्वारा बिजली के दाम में 0.69 फीसद की बढ़ोतरी की गई थी।