Jabalpur News: 2020 में भी नहीं लगा अपराधों पर अंकुश, इस तरह बढ़ा क्राइम का ग्राफ

जाने जबलपुर रेंज के जिलों में साल भर रहा क्या रहा अपराध का ग्राफ

जबलपुर, संदीप कुमार। वर्ष 2020 ये साल हर व्यक्ति के जीवन में उथल पुथल मचाने वाला रहा है। भले ही 2020 पूरी तरह से कोरोना संक्रमण को समर्पित रहा है पर अपराध के मामले में इस साल भी गिरावट नही आई। मार्च माह से लेकर जून माह तक लॉक डाउन रहा। इस दौरान जरूर कुछ हद तक क्राइम कम हुए पर जैसे ही अनलॉक हुआ तो अपराधों में बृद्धि होने लगी। कोरोना काल मे बड़े अपराधो को लेकर जहाँ पुलिस आम दलील दे रही है तो वही मनोचिकित्सक बताते है कि कोरोना के कारण घर पर बैठाना अपने रोजगार से हाथ धोने जैसी स्थिति के कारण लोगो की मनोदशा में बदलाव आया। जिसके कारण लोग अपराध जैसा संगीन कदम उठाया है।

जाने जबलपुर रेंज के जिलों में साल भर रहा क्या रहा अपराध का ग्राफ

जबलपुर रेंज में कुल 5 जिले आते हैं। जिसमें कटनी छिंदवाड़ा सिवनी नरसिंहपुर और जबलपुर है। इन जिलों में अगर अपराधों की बात की जाए तो 2019 में जहां 178 हत्या हुई थी तो वहीं 2020 में यह बढ़कर 217 पहुंच गई। हालांकि हत्या के प्रयास डकैती, लूट, चोरी और वाहन चोरी के अपराधों में गिरावट जरूर देखी गई पर कोविड कॉल होने के बावजूद भी बलात्कार, बालिका का अपहरण और महिलाओं के अपहरण सहित दहेज मृत्यु लगातार होती रही।

एक नजर जबलपुर रेंज के जिलों में हुए अपराधों पर

जबलपुर —-2020—– 2019

हत्या——–62———67
हत्या के प्रयास——–119——–100
लूट——–59——–72
चोरी——–328——–390
वाहन चोरी——–519——–489
बलवा………61………….51
बलात्कार….180……….168
बालिका.अपहरण..294…377
दहेज मृत्यु…………19……..29

कटनी
हत्या…………….30……..20
हत्या का प्रयास..13…….17
लूट……………..13……..09
चोरी……………..97……171
वाहन चोरी……82……..97
बलवा…………08…….04
बलात्कार…….45…….50
बालिकाओं अपहरण..110..154
दहेज मृत्यु……..11…..15

छिंदवाड़ा

हत्या…………64……..57
हत्या का प्रयास..18…26
लूट……….10…….08
चोरी………83…..154
वाहन चोरी…110…170
बलवा……….10…..20
बलात्कार….90…..94
बालिकाओं का अपहरण.117..229
दहेज मृत्यु……..22…..09

 

सिवनी

हत्या………..38……..17
हत्या का प्रयास..06….20
लूट……………02…..05
चोरी………88……103
वाहन चोरी ..67…53
बलवा ………13…..10
बलात्कार…..75……62
बालिकाओं का अपहरण.122.151
दहेज मृत्यु……..04….08

 

नरसिंहपुर

हत्या ……………18…….22
हत्या का प्रयास…20…..18
लूट……..07…..03
चोरी ……59….101
वाहन चोरी….52….76
बलवा …….07….05
बलात्कार…36….46
बालिकाओंकाअपहरण.101….120
दहेज मृत्यु………11……..12

निश्चित रूप से जिस तरह से यह 5 जिलों के अपराध से संबंधित आंकड़े सामने आए हैं। उसमें कहा जा सकता है कि कोरोना समय होने के बावजूद भी हत्या और हत्या के प्रयास के अपराधों में लगातार इजाफा हुआ है। हालांकि इस दौरान लॉक डाउन होने के चलते लोग ज्यादातर समय अपने घर पर थे। जिसके चलते चोरी की घटनाओं में काफी कमी देखी जा रही है।

कोरोना संक्रमण के दौरान जबलपुर रेंज के सभी पांचों जिलों में धारा 188 के तहत पुलिस ने कई बड़ी कार्रवाई की। जबलपुर में जहां 2305 लोगों के खिलाफ 188 के तहत कार्रवाई की गई तो वही कटनी में 301, छिंदवाड़ा में 516, सिवनी में 1604 और नरसिंहपुर में 623 लोगों पर कार्यवाही हुई है।

कोरोना काल में पुलिस ने दिलवाई मृत्युदंड की सजा

कोरोना संक्रमण होने के चलते मार्च में लॉक डाउन हो गया। कोर्ट बन्द हो गए पर अपराध होना जारी रहा। ऐसे में पुलिस के सामने अपराधियो को सजा दिलवाना बड़ी चुनोती थी। जबलपुर रेंज पुलिस ने वर्ष 2020 में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मृत्युदंड की सजा भी दिलवाई है।

(1) छिंदवाड़ा जिले में नाबालिक का अपहरण कर बलात्कार और फिर उसके बाद कर दी गई हत्या,मुख्य आरोपी को मिला मृत्युदंड

छिंदवाड़ा जिले में 17 जुलाई को थाना अमरवाड़ा ग्राम जमुनिया से 3 साल 6 माह की बच्ची का अपहरण कर आरोपी रितेश पहले ब्लात्कार करता है और हत्या करने के बाद अपने साथी धनपाल के साथ मिलकर शव को डेम में फेंक देता है।इस केस में अमरवाड़ा पुलिस ने 26 जुलाई को दोनो आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद 27 जुलाई को न्यायालय में पेश करते है और फिर 4 माह में ही इस केस में सुनवाई करते हुए माननीय न्यायाधीश निशा विश्वकर्मा के द्वारा मुख्य आरोपी रितेश को मृत्युदंड की सजा सुनाई जाती है तो वही उसके साथी धनपाल सिंह को 7 साल का कठिन कारावास की सजा दी जाती है।

(2) नरसिंहपुर में 5 साल की बालिका का अपहरण कर बलात्कार के मामले में भी आरोपी को मृत्युदंड

नरसिंहपुर जिले के स्टेशनगंज थाना अंतर्गत 25 जून को छठवी वाहिनी जबलपुर में पदस्थ संतोष कुमार ने 5 साल की नाबालिक बच्ची का अपहरण कर उसके साथ बलात्कार किया था, इस केस में भी पुलिस ने त्वरित कार्यवाही करते हुए प्रकरण न्यायालय में पेश किया जहाँ महज 7 माह में माननीय न्यायालय पंचम अपर सत्र एवं विशेष न्यायाधीश ने पास्को एक्ट के तहत फैसला सुनाते हुए पुलिसकर्मी आरोपी संतोष मरकाम को मृत्युदंड की सजा सुनाई थी।

(3) नरसिंहपुर के सुआतला थाना अंतर्गत 6 साल की बालिका का अपहरण कर बलात्कार और हत्या के प्रकरण में आरोपी को मृत्युदंड की सजा

नरसिंहपुर जिले के सुआतला थाना अंतर्गत 23 नवंबर 2019 को 6 साल 6 माह की नाबालिग बालिका का अपहरण कर बलात्कार और फिर उसकी हत्या के मामले में पुलिस दो आरोपी दिनेश और आनंद कोल को गिरफ्तार करती है, पुलिस 26 दिसंबर 2019 को न्यायालय में चालान पेश करती है प्रकरण में आनंद कोल को दोषी पाया जाता है, जबकि दूसरा आरोपी दिनेश का ब्लड नमूनों से डीएनए मैच ना होने के चलते उसे अपराध से दोषमुक्त कर दिया जाता है। 15 जुलाई 2020 को माननीय न्यायालय आरोपी आनंद पिता हरप्रसाद कॉल को दोषी पाते हुए धारा 302 भारतीय दंड विधान में मृत्युदंड की सजा सुनाते हैं।

कोरोना ने ड्यूटी के दौरान पुलिस को भी किया प्रभावित, ली जाने

कोरोना काल में अपराध तो होता ही रहा है साथ मे ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मी भी शहीद हुए है।जबलपुर रेंज में कुल 343 पुलिसकर्मी अधिकारी कोरोना से संक्रमित हुए है इतना ही नही दो पुलिसकर्मी कोरोना से शहीद भी हुए है जो कि थाना प्रभारी खितौला(गोपाल सिंह) और प्रधान आरक्षक यादव कालोनी पुलिस चौकी( अभय नोरिया) थे।

कोरोना काल होने के बाद भी जारी रही पुलिस की कार्यवाही

एक तरफ पूरे विश्व मे 2020 में कोरोना संक्रमण फैलता रहा तो वही दूसरी और पुलिस की कार्यवाही भी लगातर चलती रही।जबलपुर रेंज के आईजी भगवत सिंह चौहान बताते है कि निश्चित रूप से कोरोना काल का समय पुलिस के लिए एक बड़ा चैलेंज रहा उसके बावजूद भी पुलिस ने हर स्तर पर कार्यवाही की है, हालांकि इस दौरान रेंज में जरूर हत्या के मामले बड़े हैं पर अगर अन्य अपराध जैसे हत्या के प्रयास,लूट,चोरी अन्य संगीन अपराधों पर नजर डालें तो इस साल उन में कमी आई है।

कोरोना ने छीना रोजगार-व्यक्ति बन गया अपराधी

इस कोरोना वायरस ने लोगो से उनका रोजगार तो छीना है साथ ही घर पर बेरोजगार बैठने से व्यक्ति का दिमाग खाली हो जाता है और वो असामाजिक गतिविधियों में लिप्त होने लगता है,मनोचिकित्सक बताते है कि निश्चित रूप से जब व्यक्ति के पास काम नही रहता है तो वो डिप्रेशन और एंजेटिक का शिकार हो जाता है लिहाजा ऐसे में वह अपराध करने की तरफ बढ़ने लगता है।

वर्ष 2020 में कोरोना ने जिस तरह से तबाही मचाई है उसको लेकर कहा जा सकता है कि उसने लोगो को बेरोजगार तो किया ही साथ ही अपराध भी बढ़ाया बावजूद इसके जबलपुर रेंज पुलिस ने काफी हद तक अपराधो में लगाम लगाने में कामयाबी पाई है।