इस वर्ग को रोजगार योजना से जोड़ने की तैयारी में राज्य शासन, मंत्री ने अधिकारियों को दिए निर्देश

केंद्रीय इस्पात मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा है कि प्राथमिकता के आधार पर विकास और रोजगार ऐसी योजनाओं से जोड़कर आत्मनिर्भर भी बनाया जाए।

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्यप्रदेश (madhya pradesh) में शिवराज सरकार (shivraj government) प्रदेश के दिव्यांगजनों को समाज में बराबरी के अवसर देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। वहीं राज्य शासन विभिन्न योजनाओं के माध्यम से दिव्यांगजनों को लाभान्वित करने के लिए नई योजनाएं बनाने के साथ-साथ उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए भी प्रयासरत है। इसी सिलसिले में शनिवार को केंद्रीय इस्पात राज्य मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते (Faggan Singh Kulaste) की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई थी।

दरअसल बैठक में केंद्रीय इस्पात राज्यमंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि प्रत्येक दिव्यांगजन को पात्रता के अनुसार शासन की योजना का लाभ मिलना चाहिए। अधिकारियों को निर्देश देते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सर्वे में जो भी लोग पात्रता के लिए चिन्हित किए गए। उन्हें से जल्द से जल्द कार्रवाई पूरी कर के शासन की योजनाओं का लाभ दिया जाए। केंद्रीय इस्पात मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा है कि प्राथमिकता के आधार पर विकास और रोजगार ऐसी योजनाओं से जोड़कर दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर भी बनाया जाए।

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वहीं इस बैठक में निशक्तजन के आयुक्त संदीप रजक ने अधिकारियों को शत प्रतिशत दिव्यांगजन को पात्रता अनुसार प्रमाण पत्र जारी करने के निर्देश दिए है। उन्होंने अधिकारी को आउटसोर्सिंग के जरिए प्रमाणीकरण का कार्य करने की बात कही है। इसके साथ ही यात्री वाहनों में दिव्यांगजन की सुविधाओं के निर्देश देते हुए उन्हें किराए में 50% की छूट दिलाए जाने और दिव्यांग यात्रियों के लिए सीटों में आरक्षण के प्रावधान का सख्ती से पालन करने के निर्देश आयुक्त रजत ने दिए।

बता दें कि प्रदेश में राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के साथ मिलकर दिव्यांगजनों के लिए कार्य योजना तैयार की गई है। इसके साथ ही साथ उन्हें सहायक उपकरण भी वितरित करवाए जाते हैं। वही पंजीयन कराने के साथ-साथ दिव्यंगजन को प्रमाण पत्र वितरित किए गए थे।