MP Politics : दबंग विधायक रामबाई फिर हुई नाराज, ये है बड़ा कारण

इसके साथ-साथ नारायण सिंह पर महिला छेड़खानी के भी आरोप लगे थे जिसके बाद उन्हें दमोह जेल से हराकर जबलपुर अटैच कर दिया था लेकिन बुधवार को निकले एक आदेश में विभिन्न स्थानों पर अटैच किए गए जेल अधीक्षको, उप जेल अधीक्षको और सहायक जेल अधीक्षको को उनके मूल स्थान पर भेजा गया है।

विधायक रामबाई

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। MP की तेजतर्रार फायर ब्रांड विधायक रामबाई (MLA Rambai) एक बार फिर नाराज हो गई है ।वजह इस बार जेल विभाग(Jail department) के अधिकारी है। दरअसल दमोह जेल (Damoh Jail) में रामबाई के पति कांग्रेस नेता देवेन्द्र चौरसिया हत्याकांड (Devendra Chaurasia murder case) मे अंदर है और विधायक रामबाई (MLA Rambai) ने तत्कालीन जेलर नारायण सिंह राणा पर उन्हें प्रताड़ित करने का आरोप (Accusation of harassment) लगाया था और इसकी शिकायत जेल मंत्री और मुख्यमंत्री तक से की थी।

यह भी पढ़े.. नेताओं का दलित के घर खाना खाने पर रामबाई का तंज, आखिर ये दिखावा किसलिए?

इसके साथ-साथ नारायण सिंह पर महिला छेड़खानी के भी आरोप लगे थे जिसके बाद उन्हें दमोह जेल से हराकर जबलपुर (Jabalpur) अटैच कर दिया था लेकिन बुधवार को निकले एक आदेश में विभिन्न स्थानों पर अटैच किए गए जेल अधीक्षको, उप जेल अधीक्षको और सहायक जेल अधीक्षको को उनके मूल स्थान पर भेजा गया है।उसमें नारायण सिंह राणा का भी नाम है और उन्हें एक बार फिर दमोह जेल में पदस्थ कर दिया गया है। जिसे लेकर विधायक रामबाई  (MLA Rambai) ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है और साफ कहा है कि वे जेल मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा (Dr. Narottam Mishra) से मिलकर इसकी शिकायत दर्ज कराएंगे।

खास बात तो ये है कि जेल महानिदेशक अरविंद कुमार के हस्ताक्षर से जारी 33 लोगों की सूची में कुलवंत सिंह धुर्वे नाम के जिला जेल अधीक्षक भी शामिल है जो शराब पीकर बस स्टैंड पर गिरे होने के गंभीर आरोप के दोषी हैं और कलेक्टर की रिपोर्ट पर उन्हें भी अटैच किया गया था। संतोष कुमार गणेशे नाम के उप अधीक्षक जेल की मंडला जेल(Mandla Jail) में पदस्थापना के समय दो कैदी भाग गए थे जिसके बाद उन्हें भी अटैच किया गया था लेकिन उन्हें एक बार फिर जिला जेल में पदस्थ कर दिया गया है।

यह भी पढ़े.. Promotion: मप्र में अब इन पुलिसकर्मियों को मिली पदोन्नति, यहां देखें पूरी लिस्ट

इंद्र देव तिवारी जो बैढन की जिला जेल में पदस्थ उप अधीक्षक थे उन्हें बंदियों की जांच नहीं कराने का खामियाजा भुगतना पड़ा था और उस जेल में 45 कोरोना पीङित (Corona Positive) मिले थे। इसके बाद कलेक्टर (Collector)  की रिपोर्ट पर उन्हें भी ऑफिस अटैच कर दिया गया था। लेकिन इस आदेश में उन्हें एक बार पुणे बैढन में ही पदस्थापित कर दिया गया है। अधिकारियों द्वारा जारी की गई इस सूची की जानकारी जेल मंत्री तक पहुंची है ।संभवत अपने भोपाल (Bhopal) प्रवास के दौरान विधायक रामबाई जेल मंत्री से इस बात की शिकायत कर सकती हैं।

विधायक रामबाई MP Politics : दबंग विधायक रामबाई फिर हुई नाराज, ये है बड़ा कारण MP Politics : दबंग विधायक रामबाई फिर हुई नाराज, ये है बड़ा कारण