MP Board : 10वीं-12वीं परीक्षा के लिए तैयार प्रश्न पत्र के ब्लूप्रिंट ने बढ़ाई छात्रों की परेशानी

माध्यमिक शिक्षा मंडल की ब्लूप्रिंट की अव्यवस्था सिर्फ हिंदी मीडियम (Hindi medium) के छात्रों को भी मिलेगी जबकि अंग्रेजी माध्यम (English Medium) के छात्रों को इसके लिए हिंदी को इंग्लिश में ट्रांसलेट (Translate) करना होगा।

school

जबलपुर, संदीप कुमार। कोरोना काल के बीच 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा में बेहतर परिणाम के लिए माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड (Board of Secondary Education Board) छात्रों (Student) की परीक्षाओं को सरल बनाने की कोशिश में जुटा हुआ है। मुख्य परीक्षाओं में किस तरह के प्रश्न आएंगे ।इसके लिए प्रश्न पत्रों का ब्लू प्रिंट (Blue Print Of Question Papers) वेबसाइट (Website) में अपलोड किया गया है, जिसके बाद छात्रों के हिट में किए गए मंडल (MP Board) के इस काम की सराहना सब तरफ हो रही है। छात्र भी खुश है क्योंकि यह पहली दफा होगा जब माध्यमिक शिक्षा मंडल इस तरह की सुविधा दे रहा है।

सिर्फ हिंदी मीडियम के छात्रों को होगा फायदा
माध्यमिक शिक्षा मंडल की ब्लूप्रिंट की अव्यवस्था सिर्फ हिंदी मीडियम (Hindi medium) के छात्रों को भी मिलेगी जबकि अंग्रेजी माध्यम (English Medium) के छात्रों को इसके लिए हिंदी को इंग्लिश में ट्रांसलेट (Translate) करना होगा। परीक्षा (Board Exams) के ब्लूप्रिंट की तैयारी में माध्यमिक शिक्षा मंडल ने हिंदी मीडियम के छात्रों पर ज्यादा जोर दिया है,ऐसे में इस स्थिति में अब अंग्रेजी माध्यम से पढ़ने वाले विद्यार्थियों को इसका फायदा नहीं मिलेगा।

इंग्लिश मीडियम के छात्र हो रहे परेशान
मंडल की सुविधा हिन्दी माध्यम के विद्यार्थी तो ले सकेंगे परंतु इंग्लिश मीडियम के छात्र परेशान हो रहे हैं। अंग्रेजी माध्यम के छात्रों का कहना है कि हिन्दी के प्रश्नपत्र बिल्कुल भी समझ में नहीं आ रहा है। स्कूल में जाकर संपर्क करने में तर्क दिया जा रहा है कि मंडल ने जो ब्लू प्रिंट अपलोड (Upload) किया है उसी को पढ़कर तैयारी करनी होगी।

कोई मदद करने तैयार नहीं
मॉडल स्कूल, उत्कृष्ट स्कूल सहित माध्यमिक शिक्षा मंडल (MP Board) से मान्यता प्राप्त करने वाले निजी स्कूलों (Private schools) में अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई कराई जाती है। कोरोना संक्रमण के कारण इस बार छात्रों की पढ़ाई (Study) प्रभावित हुई जिसे ध्यान में रखते हुए मंडल इस बार परीक्षा में ढिलाई बरती जा रही है।

बताया जा रहा है कि मंडल के ब्लू प्रिंट को लेकर छात्रों की कोई भी मदद करने को तैयार नहीं है। अंग्रेजी माध्यम के छात्र जब हिन्दी प्रश्न पत्रों को अंग्रेजी में ट्रांसलेट करने स्कूल पहुंच रहे हैं तो स्कूल (School) के शिक्षक (Teacher) मदद करने की वजाय अपनी जिम्मेदारियों से बच रहे हैं।