Cabinet Meeting: शिवराज कैबिनेट बैठक सम्पन्न, 4 नई तहसील समेत इन प्रस्तावों को मंजूरी

दिसंबर में प्रस्तावित विधानसभा के शीतकालीन सत्र में अध्यादेश के स्थान पर संशोधन विधेयक प्रस्तुत किया जाएगा।

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल (Bhopal) में आज मंगलवार 9 नवंबर 2021 को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhan) की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक (Shivraj Cabinet Meeting Today) सम्पन्न हुई। बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को हरी झंडी दी गई है।बैठक के दौरान  चार नई तहसील के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है।

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गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि जिन घरेलू उपभोक्ताओं पर बिजली बिक बकाया है और वे एक मुश्त राशि का भुगतान करते हैं तो सरचार्ज माफ कर दिया जाएगा। जबकि मूल बिल राशि में से 40% की छूट दी जाएगी। ​यदि एक बार में जमा नहीं करता है तो एक साल में 6 किश्तों में जमा करने पर 25% की छूट मिलेगी। इससे पहले ऊर्जा विभाग ने कैबिनेट में प्रजेंटेशन भी किया।

इन प्रस्तावों को मिली मंजूरी

  • छिंदवाड़ा विश्वविद्यालय का नाम बदलकर राजा शंकर शाह विश्वविद्यालय छिंदवाड़ा का प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है। दिसंबर में प्रस्तावित विधानसभा के शीतकालीन सत्र में अध्यादेश के स्थान पर संशोधन विधेयक प्रस्तुत किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने जबलपुर में 18 सितंबर को यह घोषणा की थी।
  • राजस्व विभाग के खंडवा में किल्लौद, टीकमगढ़ में दिगौड़ा, खंडवा में मूंदी और बुरहानुपर जिले में धूलकोट नवीन तहसील के निर्णय का प्रस्ताव  को मंजूरी।
  • शिक्षा सत्र 2021-22 में 11 नए शासकीय कॉलेज प्रारंभ करने, पूर्व से संचालित 5 कॉलेजों में नवीन विज्ञान तथा वाणिज्य संकार प्रारंभ करने और एक कॉलेज में स्नातकोत्तर स्तर पर 3 नए विषय प्रारंभ करने के लिए 233 शैक्षणिक और 228 अशैक्षणिक पद सृजित करने के प्रस्ताव को अनुसमर्थन के प्रस्ताव को मंजूरी।नए पद सृजित करने से 24 करोड़ 60 लाख रुपए का प्रतिवर्ष वित्तीय भार आएगा।
  • भोपाल स्थित क्षय चिकित्सालय का उन्नयन रीजनल इंस्टीट्यूट फॉर रेस्पिरेटरी डिसीज में किए जाने के लिए 138 नए पदों को सृजित करने के प्रस्ताव  को मंजूरी।
  • पवन ऊर्जा से बिजली उत्पादन करने की परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए 2012 में बनाई नीति के तहत रजिस्टर्ड कंपनियों व नई परियोजनाओं के लिए टेंडर आमंत्रित करने के नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी।