इंटेलिजेंस ब्यूरो ने 677 खाली पदों के लिए जारी की अधिसूचना, 14 अक्टूबर से कर सकेंगे आवेदन

IB Recruitment 2023:

IB Recruitment 2023: सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए खुशी की खबर है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) ने कई पदों पर भर्तियों के लिए अधिसूचना जारी की है। योग्य अभ्यर्थी एमएचए की आधिकारिक वेबसाइट mha.gov.in पर जाकर चेक कर सकते हैं। इन पदों पर भर्ती के लिए आवेदन की प्रक्रिया 14 अक्टूबर से शुरु की जाएगी, जबकि आवेदन की अंतिम तारीख 13 नवंबर निर्धारित की गई है।

आईबी में इन पदों के लिए होगी भर्ती

गृह मंत्रालय के अधीन इंटेलिजेंस ब्यूरों (आईबी) द्वारा सुरक्षा सहायक (सिक्योरिटी असिसटेंट) और मल्टी टास्किंग स्टॉफ (एमटीएस) के 677 खाली पदों को भरा जाएगा। आपको बता दें सुरक्षा सहायक के 362 पदों पर और एमटीएस के 315 पदों पर भर्ती की जाएगी।

आवेदन शुल्क

आईबी द्वारा इन पदों की भर्ती के लिए सामान्य/ ईडब्ल्यूएस और ओबीसी वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए 500 रुपये आवेदन शुल्क निर्धारित की गई है, जबकि एससी/ एसटी अभ्यर्थियों के लिए 50 रुपये आवेदन शुल्क निर्धारित है।

आयु सीमा

आईबी एमटीएस पदों के लिए अभ्यर्थियों की आयु 27 साल होनी चाहिए है, जबकि सुरक्षा सहायक पदों के लिए 25 साल आयु सीमा निर्धारित की गई है।

शैक्षणिक योग्यता

आईबी द्वारा जारी इन पदों पर आवेदन करने के लिए अभ्यर्थियों को किसी भी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं की परीक्षा पास होना चाहिए। इसके साथ ही ड्राइविंग लाइसेंस भी होना चाहिए।

वेतनमान

आपको बता दें इंटेलिजेंस ब्यूरो के सुरक्षा सहायक पद पर चयन किए गए अभ्यर्थियों को 21,700 से लेकर 69,100 रुपये स्तर 3 के अनुसार वेतन मिलेगा। वहीं एमटीएस पद पर चयन किए गए अभ्यर्थियों को 18,000 से लेकर 56,900 रुपये स्तर 1 के अनुसार वेतन मिलेगा।


About Author
Shashank Baranwal

Shashank Baranwal

पत्रकारिता उन चुनिंदा पेशों में से है जो समाज को सार्थक रूप देने में सक्षम है। पत्रकार जितना ज्यादा अपने काम के प्रति ईमानदार होगा पत्रकारिता उतनी ही ज्यादा प्रखर और प्रभावकारी होगी। पत्रकारिता एक ऐसा क्षेत्र है जिसके जरिये हम मज़लूमों, शोषितों या वो लोग जो हाशिये पर है उनकी आवाज आसानी से उठा सकते हैं। पत्रकार समाज मे उतनी ही अहम भूमिका निभाता है जितना एक साहित्यकार, समाज विचारक। ये तीनों ही पुराने पूर्वाग्रह को तोड़ते हैं और अवचेतन समाज में चेतना जागृत करने का काम करते हैं। मशहूर शायर अकबर इलाहाबादी ने अपने इस शेर में बहुत सही तरीके से पत्रकारिता की भूमिका की बात कही है– खींचो न कमानों को न तलवार निकालो जब तोप मुक़ाबिल हो तो अख़बार निकालो मैं भी एक कलम का सिपाही हूँ और पत्रकारिता से जुड़ा हुआ हूँ। मुझे साहित्य में भी रुचि है । मैं एक समतामूलक समाज बनाने के लिये तत्पर हूँ।

Other Latest News