ग्वालियर कलेक्टर के निर्देश- ‘अब किसी को भी न दें होम आइसोलेशन की अनुमति’

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। ग्वालियर कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने इंसिडेंट कमांडर्स को निर्देश दिए कि अब किसी भी कोरोना संक्रमित को घर पर ही आइसोलेशन की अनुमति न दें। संक्रमित पाए जाने वाले मरीजों को लक्षणों के अनुसार अस्पताल अथवा कोविड केयर सेंटर में भर्ती कराएं। उन्होंने कहा कि विशेष परिस्थिति में अपर जिला दण्डाधिकारी की लिखित अनुमति के बाद ही होम आइसोलेशन की अनुमति दी जा सकेगी।

कोरोना कर्फ्यू : चोरी की वारदातों पर बोले जांच अधिकारी, ‘किसी के पास काम नहीं तो वो कुछ तो करेगा’

शनिवार को ग्वालियर कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित हुई बैठक में कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने सभी इंसीडेंट कमाण्डर को निर्देश दिए कि पुख्ता रणनीति के साथ कोरोना गाइडलाइन का पालन कराएं, जिससे कोरोना की चेन न बनने पाए। उन्होंने निर्देश दिए कि हॉस्पिटल, शासकीय व निजी कार्यालय, बैंक, बस स्टेण्ड, रेलवे स्टेशन, मदिरा की दुकानें, विभिन्न बाजार व पूजा घरों इत्यादि में कोरोना गाइडलाइन का पालन कराने के लिये पुख्ता रणनीति बनाएं। साथ ही अलग-अलग बैठक लेकर बैंक प्रबंधक, अस्पताल संचालक, कार्यालय प्रमुख एवं दुकानदारों इत्यादि लोगों को साफतौर पर बता दें कि यदि कोरोना गाइडलाइन का पालन नहीं किया तो धारा-188 एवं आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत कार्रवाई की जायेगी। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्लान ऐसा हो जिससे किसी भी बाजार व संस्था में भीड़ जमा न होने पाए।

कंटेनमेंट और माइक्रो कंटेंनमेंट पर हो फोकस

कलेक्टर ने निर्देश दिए कि संक्रमित लोगों की संख्या के आधार पर हॉट स्पॉट चिन्हित कर नए कंटेनमेंट जोन बनाए जाएं। उन्होंने कहा जिन गली, मोहल्लों व घरों में कोरोना संक्रमित मरीज मिलें वहाँ मिनी व माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर बेरीकेटिंग करवाएं। साथ ही संक्रमित के घर पर पर्चा भी चस्पा करवाएं। उन्होने सभी इंसीडेंट कमाण्डर को ताकीद किया कि वे स्वयं कोरोना गाइडलाइन का पालन करें और दूसरों से भी कराएं। जो क्षमतावान कोरोना संक्रमित खुद के खर्चे पर क्वारंटाइन होना चाहते हैं उनके लिये होटल अधिग्रहीत करने के निर्देश उन्होंने एडीएम को दिए। कलेक्टर ने शहर व गांव के गली मोहल्लों में कोरोना गाइडलाइन के पालन में सहयोग के लिये वार्ड समितियों को सक्रिय करने के निर्देश भी दिए। कौशलेंद्र सिंह ने लक्ष्य के अनुरूप प्रतिदिन कोरोना की जाँच कराने और संक्रमित पाए गए लोगों की कॉन्टेक्ट हिस्ट्री पता कर संबंधितों की जांच कराने के लिये भी कहा।

टीकाकरण के लिए चलाएं जागरूकता अभियान

बैठक में कलेक्टर ने टीकाकरण अभियान को प्रभावी ढंग से चलाने पर भी विशेष बल दिया। उन्होंने कहा वार्ड निगरानी समितियों व समाजसेवियों के सहयोग से इसके लिए जन जागरूकता कार्यक्रम भी चलाएं। साथ ही किल कोरोना अभियान को प्रभावी ढंग से अंजाम दें।

फीवर क्लिनिक के संचालन पर ध्यान रहे

कलेक्टर ने ग्रामीण क्षेत्र के इंसीडेंट कमाण्डर को निर्देश दिए कि किसी भी संक्रमित को घर पर रहने की अनुमति न दें उसे विकासखण्ड मुख्यालय पर स्थित कोविड केयर सेंटर अथवा ग्वालियर के कोविड केयर सेंटर में पहुँचाएं। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्र में फीवर क्लिनिक के सुचारू संचालन पर भी विशेष बल दिया।

शहर के हर मोहल्ले में खुलेंगे संजीवनी क्लीनिक

कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने बैठक में जानकारी दी कि ग्वालियर शहर के हर वार्ड में संजीवनी क्लीनिक खोले जायेंगे। इन क्लीनिक में डॉक्टर व पैरामेडीकल स्टाफ की व्यवस्था के साथ-साथ दवाओं का पर्याप्त इंतजाम रहेगा। उन्होने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिए कि नगर निगम के अधिकारियों से समन्वय बनाकर जल्द से जल्द स्थान चयनित कर संजीवनी क्लीनिक शुरू कराएं। संजीवनी क्लीनिक कोरोना नियंत्रण में महत्वपूर्ण कड़ी साबित होंगे।

मृत कोरोना वॉरियर्स की जानकारी जल्द दें ताकि अनुकम्पा नियुक्ति की जा सके

कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन शासकीय सेवक अर्थात कोरोना वॉरियर्स का कोरोना संक्रमण के कारण निधन हो गया है उनकी जानकारी जल्द से जल्द उपलब्ध करा दें ताकि उनके आश्रितों को प्रदेश सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत अनुकम्पा नियुक्ति दी जा सके।

बाहर से आने वाले लोगों की कोरोना जाँच कराकर उन्हें क्वारंटाइन कराएं

कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने शहर की सीमाओं पर स्थित चैक पोस्ट पर बाहर से आने वाले व्यक्तियों की सघन जांच पर बल दिया। साथ ही कहा कि बाहर से आने वाले लोगों की कोरोना जाँच कराएं और उन्हें क्वारंटाइन करने की कार्रवाई भी करें। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित हुई बैठक में नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी किशोर कान्याल, अपर कलेक्टर आशीष तिवारी, एडीएम रिंकेश वैश्य व टी एन सिंह सहित जिले के सभी एसडीएम, इंसीडेंट कमाण्डर व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे।