Bhaiyyu Maharaj Suicide Case : अनुयायी मनमीत अरोरा के हुए बयान, 21 को कोर्ट में हाजिर होंगी आयुषी!

मनमीत ने कहा कि महाराज के साथ 20 से 25 बार से दो से तीन की दिन की यात्रा की। लेकिन उन्होंने कभी भी सेवादार शरद या विनायक को लेकर कोई शिकायत नहीं की।

इंदौर, आकाश धोलपुरे| भय्यू महाराज आत्महत्या मामले (Bhaiyyu Maharaj Suicide) में शुक्रवार को उनके अनुयायी मनमीत सिंह अरोरा (Manmeet Singh Arora) का प्रतिपरीक्षण किया गया। मनमीत ने कहा कि महाराज के साथ 20-25 बार दो से तीन की दिन की यात्रा की। लेकिन उन्होंने कभी भी सेवादार शरद या विनायक को लेकर कोई शिकायत नहीं की। मनमीत ने बताया कि विनायक महाराज का सबसे खास भरोसेमंद सेवादार था। मामले में महाराज की पत्नी आयुषी को 21 दिसंबर को कोर्ट में बयान देने हाजिर होना है।

भय्यू महाराज ने जून 2018 को कनपट्टी पर गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। पुलिस ने घटना के करीब छह महीने बाद महाराज के तीन सेवादार विनायक दुधाले, शरद देशमुख और पलक पुराणिक को आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के आरोप में गिरफ्तार किया। तीनों आरोपित तब से ही जेल में हैं। आरोपी शरद के वकील धमेंद्र गुर्जर ने कहा जो महाराज लिखकर गए थे वही सच सामने आ रहा है| मनमीत ने जो जो गवाही दी है वो उसने स्वीकार किया है| मनमीत ने कहा कि महाराज के साथ 20 से 25 बार दो से तीन की दिन की यात्रा की। लेकिन उन्होंने कभी भी सेवादार शरद या विनायक को लेकर कोई शिकायत नहीं की। उसने बताया कि विनायक महाराज का सबसे खास सेवादार था। शरद कभी महाराष्ट्र तो कभी इंदौर में रहा करता था। मृत्यु से पहले फ़ोन पर बातचीत में भी मनमीत को महाराज ने कोई पीड़ा नहीं बताई थी|

इससे पहले सत्र न्यायालय ने महाराज की पत्नी आयुषी के उस आवेदन को खारिज कर दिया था जिसमें उसने कोर्ट बदलने की गुहार लगाई थी। कोर्ट ने माना कि न्यायालय बदलने से प्रकरण की सुनवाई पर कोई असर नहीं पडे़गा, इसलिए कोर्ट बदलने का कोई मतलब नहीं। आवेदन देने वाली महाराज की पत्नी आयुषी खुद बयान देने नहीं आ रही हैं| वकील धमेंद्र गुर्जर ने कहा कि 21 दिसम्बर की तारीख आयुषी की गवाही के लिए तय है, शासन ने बताया कि वो गवाही देने आएँगी| अब देखना होगा इस बार भी वो आती हैं या नहीं|