पेंशनर्स के पेंशन-फैमिली पेंशन-अनुकंपा भत्ते पर बड़ी अपडेट, विभाग ने जारी किया आदेश, होगा संशोधन, मिलेगा लाभ

कार्यालय ज्ञापन के मुताबिक अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता प्राप्त करने वाले पेंशन भोगियों के संबंध में पेंशन/पारिवारिक पेंशन का संशोधन किया जाएगा। इसके लिए 14 जून को नवीन आदेश जारी किए गए हैं।

pension

नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। देशभर के पेंशनर्स (pensioners) के लिए बड़ी अपडेट सामने आई है। दरअसल पेंशनर्स के पेंशन (pension)-फैमिली पेंशन (family pension) को लेकर मंत्रालय (ministry) द्वारा नवीन दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। कार्यालय ज्ञापन के मुताबिक अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन (compulsory retirement pension) या अनुकंपा भत्ता प्राप्त करने वाले पेंशन भोगियों के संबंध में पेंशन/पारिवारिक पेंशन का संशोधन किया जाएगा। इसके लिए 14 जून को नवीन आदेश जारी किए गए हैं। जिसमें कई तरह के स्पष्टीकरण दिए गए। हालांकि पेंशनर्स को इस मामले में जानकारी होना बेहद आवश्यक है।

जारी आदेश में कहा गया है कि अनिवार्य सेवानिवृत्ति/बर्खास्तगी/सेवा से हटाने के बाद अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता प्राप्त करने वाले पेंशनभोगियों के संबंध में पेंशन/पारिवारिक पेंशन में संशोधन के संबंध में ओएम जारी किया गया था। अधोहस्ताक्षरी को यह कहने का निदेश हुआ है कि 5वें केन्द्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों पर 1996 से पूर्व के पेंशनभोगियों की पेंशन के पुनरीक्षण के लिए निम्नलिखित आदेश/निर्देश जारी किए गए थे:

  1. (i) इस विभाग के कार्यालय ज्ञापन संख्या 45/86/97-पी एंड पीडब्लू/(ए)-भाग II दिनांक 27.10.1997 द्वारा जारी आदेश, पूर्व-संशोधन को समेकित कर 1996 से पूर्व के पेंशनभोगियों/पारिवारिक पेंशनभोगियों की पेंशन/पारिवारिक पेंशन में संशोधन के लिए 01.01.1996 से पेंशन/पारिवारिक पेंशन, महंगाई राहत, अंतरिम राहत और फिटमेंट लाभ मिलेगा।
  2. (ii) इस विभाग के कार्यालय ज्ञापन संख्या 45/86/97-पी एंड पीडब्लू/(ए)-भाग III दिनांक 10.02.1998 द्वारा निर्देश जारी किए गए।
  3. (iii) इस विभाग के दिनांक 17.12.1998 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 45/10/98-पी एंड पीडब्लू (ए) के तहत जारी निर्देश कि उपरोक्त उप-पैरा (i) के तहत सेवानिवृत्ति/मृत्यु के समय पेंशनभोगी द्वारा धारित वेतनमान के अनुरूप 01.01.1996 को संशोधित वेतनमान में न्यूनतम वेतन का% समेकित संशोधित पेंशन/पारिवारिक पेंशन को 50%/30 तक बढ़ाया जाएगा।
  4. (iv) इस विभाग के दिनांक 25.03.2004 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 45/86/97-पी एंड पीडब्लू (ए) पीटीवी द्वारा जारी स्पष्टीकरण/निर्देश कि उपरोक्त उप-पैरा (ii) और (iii) में संदर्भित निर्देश नहीं होंगे उन मामलों में जहां पेंशनभोगी अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता प्राप्त कर रहे थे, उन मामलों में 1996 से पहले के पेंशनभोगियों/पारिवारिक पेंशनभोगियों पर लागू होता है, जो पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के उद्देश्य से दिनांक 01.01.1996 होते हैं।

Read More : राशन कार्ड धारकों के लिए आई नई अपडेट, इन हितग्राहियों को मिलेगा फ्री राशन का लाभ, ऐसे करें अप्लाई

2. छठे केन्द्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों पर 2006 से पूर्व के पेंशनभोगियों की पेंशन के पुनरीक्षण के लिए निम्नलिखित आदेश/निर्देश जारी किए गए:

  1. इस विभाग के दिनांक 1.9.2008 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू/(ए) के तहत जारी आदेश, 2006 से पहले के पेंशनभोगियों/पारिवारिक पेंशनभोगियों की पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के लिए दिनांक 1.4.2008 से जारी किए गए हैं। 01.01.2006। इस कार्यालय ज्ञापन के पैरा 4.1 में प्रावधान किया गया था कि पूर्व-संशोधित पेंशन/पारिवारिक पेंशन, महंगाई पेंशन, महंगाई राहत और फिटमेंट लाभ को समेकित करके 2006 से पहले के पेंशनभोगियों की पेंशन/पारिवारिक पेंशन को संशोधित किया जाएगा।
  2. इस विभाग के दिनांक 1.9.2008 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लूवी (ए) के पैरा 4.2 में और का.ज्ञा. संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू (ए) (पीटी.1) दिनांक 03.10.2008 में आगे प्रावधान किया गया था कि पेंशन/पारिवारिक पेंशन का निर्धारण इस प्रावधान के अधीन होगा कि संशोधित पेंशन/पारिवारिक पेंशन, नं. मामला, वेतन बैंड में न्यूनतम वेतन के 50% / 30% से कम होगा और पूर्व-संशोधित वेतनमान से संबंधित ग्रेड वेतन, जिससे पेंशनभोगी सेवानिवृत्त हुआ था।
  3. का.ज्ञा. के पैरा 4.2 के अनुसार पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के तरीके के संबंध में और निर्देश दिए गए थे। दिनांक 01.09.2008 को इस विभाग के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू (ए) दिनांक 28.01.2013, 38/37/08-पी एंड पीडब्लू/(ए) दिनांक 30.07.2015 और 38/37/08-पी एंड पीडब्लू (ए) दिनांक 06.04.2016 द्वारा जारी किए गए थे।
  4. इस विभाग के दिनांक 22.07.2011 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू/(ए) द्वारा यह स्पष्ट किया गया था कि दिनांक 01.09.2008 के कार्यालय ज्ञापन के पैरा 4.2 का लाभ निम्नलिखित सीसीएस (पेंशन) नियम, 1972 के नियम 40 और 41 के तहत अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन और अनुकंपा भत्ता प्राप्त करने वाले पेंशनरों के संबंध में पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के मामले में लागू नहीं होगा।

3. 7वें केन्द्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों पर 2016 से पहले के पेंशनभोगियों की पेंशन में संशोधन के लिए निम्नलिखित आदेश/निर्देश जारी किए गए:

  • इस विभाग के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/2016-पी एंड पीडब्लू/(ए) दिनांक 12.05.2017 के तहत 01.01.2016 को वेतन के काल्पनिक निर्धारण द्वारा पहले के पेंशनभोगियों/पारिवारिक पेंशनभोगियों की पेंशन/पारिवारिक पेंशन के पुनरीक्षण के लिए दिनांक 01.04.2017 से आदेश जारी किए गए थे।
  • उक्त कार्यालय ज्ञापन दिनांक 12.5.2017 के पैरा 11 में यह प्रावधान किया गया था कि 01.01.2016 को वेतन के काल्पनिक निर्धारण के प्रावधान पेंशनभोगियों के संबंध में पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के प्रयोजन के लिए लागू नहीं होंगे। जो सीसीएस (पेंशन) नियम, 1972 के नियम 40 के तहत अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या सीसीएस (पेंशन) नियम, 1972 के नियम 41 के तहत अनुकंपा भत्ता प्राप्त कर रहे थे।

कुछ पेंशनभोगियों से प्राप्त अभ्यावेदन और इस संबंध में कुछ अदालती फैसलों के आधार पर, व्यय विभाग के परामर्श से मामले पर फिर से विचार किया गया है। अब यह निर्णय लिया गया है कि इस विभाग के दिनांक 10.02.1998 के का.ज्ञा.सं.45/86/97-पीएंडपीडब्ल्यू(ए)-भाग II और संख्या 45/10/98-पीएंडपीडब्ल्यू/(ए) दिनांक 17.12.1998 में निहित प्रावधान पेंशन/पारिवारिक पेंशन के संशोधन के संबंध में इस विभाग के दिनांक 01.09.2008 के कार्यालय ज्ञापन संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू/(ए) (समय-समय पर यथा संशोधित/स्पष्ट) के 5वें केन्द्रीय वेतन आयोग के बाद पेंशन/पारिवारिक पेंशन में संशोधन के संबंध में 6वें केन्द्रीय वेतन आयोग के बाद पेंशन और इस विभाग का दिनांक 12.05.2017 का कार्यालय ज्ञापन सं. अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता प्राप्त करने वाले पेंशनभोगियों के संबंध में पारिवारिक पेंशन 01.01.1996, 01.01.2006 और 01.01.2016 को क्रमशः 1996 से पूर्व, 2006 से पूर्व और 2016 पूर्व पेंशनभोगियों/पारिवारिक पेंशनभोगियों की पेंशन के संशोधन के लिए जारी पूर्वोक्त आदेशों के अनुसार लागु होगी। ऐसे पेंशनभोगियों/कुटुंब पेंशनभोगियों की पेंशन/पारिवारिक पेंशन 1.4.2015 से संशोधित की जाएगी।

उन मामलों में जहां अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता उस दर पर स्वीकृत किया गया था जो पूर्ण पेंशन से कम था, उपर्युक्त कार्यालय ज्ञापनों के अनुसार गणना की गई संशोधित पेंशन कम प्रारंभिक पेंशन/अनुकंपा भत्ता के अनुपात में होगी जो अनिवार्य सेवानिवृत्ति/ बर्खास्तगी / हटाना। पूर्वोक्त कार्यालय ज्ञापनों के अनुसार परिकलित संशोधित पेंशन/अनुकंपा भत्ता उसी प्रतिशत से कम किया जाएगा जिससे अनिवार्य सेवानिवृत्ति/बर्खास्तगी/हटाने पर पेंशन/अनुकंपा भत्ता की मंजूरी के समय प्रारंभिक पेंशन कम की गई थी। उन मामलों में जहां अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन बिना किसी कटौती के पूर्ण रूप से दी गई थी, उपरोक्त कार्यालय ज्ञापनों के अनुसार गणना की गई संशोधित पेंशन भी बिना किसी कटौती के पूर्ण रूप से दी जाएगी।

उपरोक्त कार्यालय ज्ञापनों के अनुसार गणना की गई पारिवारिक पेंशन की राशि में किसी भी मामले में कोई कमी नहीं होगी, जिसमें ऐसे मामले भी शामिल हैं जहां प्रारंभिक अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन/अनुकंपा भत्ता की राशि पूर्ण पेंशन से कम थी। इस विभाग के दिनांक 25.03.2004, संख्या 38/37/08-पी एंड पीडब्लू (ए) दिनांक 22.07.2011 के कार्यालय ज्ञापन सं. 45/86/97-पी एंड पीडब्लू/(ए) पीटी.वी में निहित स्पष्टीकरण/निर्देश और का.ज्ञा.सं.38/37/2016-पी एंड पीडब्लू/(ए) दिनांक 12.05.2017 के पैरा 11 को वापस लिया जाता है।

सभी मंत्रालयों/विभागों से अनुरोध है कि वे पेंशन/पारिवारिक पेंशन को 01.04.2015 से संशोधित करें। 01.01.1996, 01.01.2006 और 01.01.2016 (जैसा लागू हो) पेंशनभोगियों के संबंध में, जिन्हें तदनुसार अनिवार्य सेवानिवृत्ति पेंशन या अनुकंपा भत्ता स्वीकृत किया गया था। ये आदेश वित्त मंत्रालय (व्यय विभाग) की सहमति से उनके आईडी/यूओ नंबर 1(11)/ईवी/2017 दिनांक 29.04.2022 के तहत जारी किए गए हैं। जहां तक ​​भारतीय लेखा परीक्षा और लेखा विभागों से संबंधित व्यक्तियों के संबंध में, ये आदेश भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक के परामर्श के बाद जारी किए जाते हैं।