भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। कोरोना संक्रमण (corona pandemic) में बंद पड़े मध्य प्रदेश कॉलेजों ( MP colleges) में जनवरी पहले सप्ताह तक नए सत्र के लिए विद्यार्थियों को प्रवेश दिया गया था। वहीं कॉलेज में प्रवेश प्रक्रिया बन्द हुए 15 दिन का समय बीत चुका है लेकिन 30% विद्यार्थियों द्वारा अब भी कॉलेज में जरूरी दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। इसके बाद उच्च शिक्षा विभाग (higher education department) द्वारा प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को 30 जनवरी तक दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे।

दरअसल नए सत्र के लिए नए वर्ष में कॉलेज खोले गए थे। जिसके बाद फर्स्ट ईयर (first year) के विद्यार्थियों को प्रवेश दिया गया। इसके साथ ही विद्यार्थियों को एक समय सीमा के अंदर जरूरी दस्तावेज विश्वविद्यालय में उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। वही उच्च शिक्षा विभाग के निर्देश के बाद कॉलेज में काउंसिलिंग 6 चरण प्रक्रिया को जनवरी के पहले सप्ताह में पूरा कर लिया गया था। वहीं इस बार प्रवेश प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन हुई थी।

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जिसके बाद शिक्षा विभाग द्वारा छात्रों के जरूरी दस्तावेज मंगवाए गए थे। बावजूद इसके स्कूल एडमिशन के 30% विद्यार्थियों द्वारा अभी दस्तावेज जैसे टीसी और माइग्रेशन सहित जाति प्रमाण पत्र कॉलेज को नहीं सौंपे गए हैं। वहीं इस मामले में उच्च शिक्षा विभाग ने छात्रों को 2 दिन का समय और दिया है। विभाग का कहना है कि यदि विद्यार्थियों द्वारा 2 दिन के भीतर जरूरी दस्तावेज की सत्यापन की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई तो उनका एडमिशन निरस्त कर दिया जाएगा।

इसके साथ ही विभाग ने 5 फरवरी तक कॉलेजों को सत्यापन कराने के भी निर्देश दिए हैं। यह आदेश विशेष कर्त्तव्यस्थ अधिकारी धीरेंद्र शुक्ला द्वारा जारी किए गए हैं। विभाग द्वारा बताया गया है कि प्रबंधन द्वारा लगातार तारीख बढ़ाने की गुहार लगाई जा रही थी। जिसके बाद कॉलेज दस्तावेज के सत्यापन के लिए उच्च शिक्षा विभाग द्वारा 5 फरवरी तक कॉलेजों को सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए।