भोपाल। प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बने हुए एक साल से अधिक समय हो गया, लेकिन निगम मंडलों में नियुक्ति के लिए कांग्रेसी अभी भी इंतजार कर रहे हैं। सिंधिया समर्थक तो काफी समय से इस बात को लेकर अटकलें लगा रहे थे कि क्या सिंधिया अपनी तरफ से सूची प्रदेश सरकार को देंगे कि नहीं। महल में सूची बनने की खबर जैसे ही बाहर आई वैसे ही समर्थकों में आस जाग गई और उनको लगने लगा कि आखिर महाराज उनको मौका दे सकते हैं।

निगम मंडलों में नियुक्ति को लेकर सिंधिया समर्थक एक तरह से मायूस नजर आ रहे थे ओर निगम मंडल मे स्थान पाने के लिए प्रदेश में सिंधिया के हर दौरे पर वहां पहुंचने का काम कर रहे थे। वैसे किसको क्या मिलना है यह तो पहले ही सिंधिया ने सरकार को बता दिया है, क्योंकि ग्वालियर से सिर्फ दो से चार लोगों को ही निगम मंडलो में अहम स्थान मिल सकता है। अब जो सूची बनाएं जाने की खबर आई है उससे लगता है कि इतनी संख्या में नामों को तो सिर्फ सदस्य के तौर पर ही नामित किया जा सकता है। सूत्र का कहना है कि लंबे समय से समर्थक जो आस लगाए हुए थे उनका इंतजार समाप्त होने का समय नजदीक आ गया है, क्योंकि निगम मंडलो में नियुक्ति की प्रक्रिया जल्द ही शुरू होने वाली है।

सिंधिया इस बार अपने पुराने वफादारों को निगम मंडलो में स्थान दिलाकर उनको तोहफा दिला सकते हैं। सिंधिया परिवार से लंबे समय से जुड़े कांग्रेसी अपने आप को मायूस समझ रहे थे, क्योंकि वह आपस में इस बात की चर्चा करते थे कि लंबे समय से वफादार होने के बाद भी उनकी तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस बात की भनक लगता है सिंधिया के कानो तक पहुंच गई थी यही कारण है कि जो सूची बनाने की खबर आ रही है उसमें पूराने वफादारों के नाम को शामिल किया गया है।

सूची में इनका नाम था शामिल….
सूत्र के अनुसार महल में बुधवार को जो सूची बनाई गई है उसमें चंद्रमोहन नागौरी, अशोक शर्मा, रमेश अग्रवाल, सुनील शर्मा, सुरेंद्र शर्मा, महाराज सिंह पटेल, बाल खांडे, श्रीमती रमा पाल, कमलेश कौरव, लतीफ खां, अख्तर हुसैन कुरैशी, श्याम सिंह चौहान, वीरेंद्र तोमर, रामवरन सिंह गुर्जर, सरोज मिश्रा, अरुण केन, रमेश पाल, रघुराज, मितेंद्र सिंह, मोहन महेश्वरी, कुसुम शर्मा के नाम शामिल बताएं गए हैं।