Recovery: इंदौर के 7 संक्रमितों ने कोरोना को हराया, डॉक्टरों ने लिया इंटरव्यू

इंदौर।आकाश धौलपुरे

कोरोना के कहर के आगे दुनिया की महाशक्तियां भले ही मुश्किलों में नजर आ रही हो लेकिन भारत के देवरूपी डॉक्टर, कोरोना के सामने डटकर खड़े है और इसी का परिणाम है कि कोरोना की रडार पर बैठे इंदौर में विपरीत परिस्थितियों के बावजूद डॉक्टर एक विश्वास के साथ पॉजिटिव मरीजो को स्वस्थ करने में जुटे हुए है। रविवार को इस लिहाज से इंदौर के लिए सुखद रहा क्योंकि आज 7 लोग अस्पताल से डिस्चार्ज होकर घर लौट गए है। घर लौटने वाले लोगो मे 5 लोग इंदौर तो 2 लोग खरगोन के है।

डिस्चार्ज हुए सभी लोगो के चेहरों पर खुशी साफ दिख रही थी और सभी ने इंदौर के एमआरटीबी अस्पताल के डॉक्टर्स और स्टॉफ खुलकर तारीफ की। डिस्चार्ज हुए लोगो ने शहरवासियो से अपील की है कि वो सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करे और बार – बार हाथ धोये और गरम पानी का इस्तेमाल करे।  इधर मार्च माह में फ्रांस के पेरिस से खरगोन लौटे आसन गांव निवासी युवक ने बताया कि फ्रांस और भारत के हॉस्पिटल समानन्तर है लेकिन यहां की खास बात ये है कि यहां डॉक्टर और नर्सिंग स्टॉफ एक जज्बे के साथ काम करते है।

बता दे कि इंदौर से स्वस्थ होकर खरगोन लौट रहे युवक का शहर के डॉक्टर सलिल भार्गव ने एक मीडियाकर्मी की तरह इंटरव्यू लिया और जाना कि भारत किस तरह से कोरोना की लड़ाई में अन्य देशों से अलग है। बता दे कि इंदौर के टाटपट्टी बाख़ल।के दो पुरुष और दो महिलाएं एमआरटीबी अस्पताल में भर्ती थी साथ ही एक इंदौर निवासी एक महिला और खरगोन निवासी दो युवको को आज छुट्टी दी गई। खरगोन निवासी युवक फ्रांस से लौटा था।
सभी मरीज़ों के डिस्चार्ज होने पर डॉक्टर्स ने ताली बजाकर उन्हें विदा किया और ठीक हुए मरीज़ों ने भी डॉक्टर्स का धन्यवाद देते हुए लोगो से सावधानी बरतने की बात कही।