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शिवराज ने सिंगल क्लिक के जरिये बाढ़ प्रभावितों को दी राहत राशि, “बोले चिंता नहीं करना”

Written by:Atul Saxena
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शिवराज ने सिंगल क्लिक के जरिये बाढ़ प्रभावितों को दी राहत राशि, “बोले चिंता नहीं करना”

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan) ने जिला मुख्यालय श्योपुर से सिंगल क्लिक के जरिए ग्वालियर-चंबल संभाग सहित प्रदेश के सभी जिलों के बाढ़ प्रभावित परिवारों के बैंक खातों में ऑनलाइन 23 करोड़ 19 लाख रुपये की राहत राशि पहुँचाई।  मुख्यमंत्री श्री चौहान ने श्योपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए केन्द्रीय कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर की मौजूदगी में ग्वालियर जिले की जनपद पंचायत डबरा के ग्राम सेंमरी निवासी श्लाखन सिंह सहित संभाग के अन्य जिलों के बाढ़ प्रभावित लोगों से संवाद किया। साथ ही सरकार की ओर से मिली राहत और सर्वे के संबंध में जानकारी ली। प्रदेश सरकार अब तक बाढ़ प्रभावित परिवारों के खातों में 52 करोड़ रूपए से अधिक राशि पहुँचा चुकी है।

चिंता न करें आप सबको संकट से पार निकालकर ले जायेंगे

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan)ने बाढ़ प्रभावित लोगों से संवाद करते हुए कहा कि कोरोना महामारी की वजह से आर्थिक तंगी जरूर है, पर चिंता न करें आप सबको बाढ़ आपदा के संकट से पार निकालकर ले जायेंगे। प्रदेश सरकार राहत देने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ेगी। बाढ़ से हुए हर प्रकार के नुकसान की भरपाई करने की सरकार पुरजोर कोशिश कर रही है। सरकार ने तत्काल सर्वे कराकर राहत पहुँचाने का काम किया है, जिसमें समाज का भी सहयोग मिला है। तात्कालिक तौर पर बाढ़ प्रभावित परिवारों को 6 हजार रूपए, 50 किलो अनाज व रोजमर्रा जरूरतों का अन्य सामान मुहैया कराया गया है। साथ ही सर्वे के आधार पर आर्थिक राहत भी खातों में पहुँचाई गई है।

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सहायता के लिए तीन सूत्रीय रणनीति

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan)ने कहा कि बाढ़ आपदा से प्रभावित लोगों की मदद और खराब हुई अधोसंरचना को फिर से खड़ा करने के लिये प्रदेश सरकार ने तीन सूत्रीय रणनीति बनाई है। पहला काम हर बाढ़ प्रभावित परिवार के नुकसान की भरपाई करने के लिये राहत, दूसरा काम जिन लोगों के मकान बाढ़ में उजड़ गए हैं उनके फिर से नए मकान बनवाकर पुनर्वास और तीसरा काम बाढ़ से ध्वस्त हुई अधोसंरचना मसलन सड़क, विद्युत लाईन, पुल-पुलिया, अस्पताल, स्कूल व आंगनबाड़ी भवन इत्यादि बनवाना। श्री चौहान ने कहा बाढ़ प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द राहत पहुँचाने के लिये सरकार ने 12 विभागों को जोड़कर टास्क फोर्स बनाया है। उन्होंने कहा तात्कालिक राहत के साथ-साथ मकान बनाने के लिये एक लाख 20 हजार, दुधारू पशु की मृत्यु पर 30 हजार, बैल की मृत्यु पर 25 हजार, बकरा-बकरी इत्यादि की मृत्यु पर 3 हजार रूपए की आर्थिक राहत दी जा रही है। साथ ही फसल नुकसान की भरपाई भी सरकार आरबीसी के प्रावधानों के तहत करेगी।

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दावे-आपत्तियों का निराकरण भी सुनवाई कर करें

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan)ने सभी जिलों के कलेक्टर को निर्देश दिए कि सर्वे का काम पूरी पारदर्शिता एवं संजीदगी के साथ पूर्ण कराएं। सर्वे सूची पंचायत भवन पर चस्पा कर दावे-आपत्तियां ली जाएं। साथ ही प्राप्त दावे-आपत्तियों का निराकरण विधिवत सुनवाई कर किया जाए, जिससे सभी संतुष्ट हो सकें। उन्होंने स्थानीय क्राइसेस मैनेजमेंट कमेटी के सदस्यों से भी इस काम में सहयोग करने का आग्रह किया।

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खेतों में जमा हुई सिल्ट सरकार अपने खर्चे पर हटवायेगी

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan)ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बाढ़ प्रभावित लोगों को यह भी भरोसा दिलाया कि जिन किसानों के खेतों में बाढ़ की वजह से सिल्ट जमा हो गई है उसे हटवाने का काम भी सरकार अपने खर्चे पर करेगी।

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Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
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