MP को केंद्र ने उपलब्ध कराई 50 टन ऑक्सीजन, CM शिवराज ने कहा- अब चिंता की बात नहीं

जुलाई में 40 टन ऑक्सीजन की खबर सितंबर में बढ़कर 120 टन पहुंच गई है। प्रदेश में कुल एक्टिव मरीजों की संख्या का 20% हिस्सा ऑक्सीजन पर निर्भर है।

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्यप्रदेश(Madhya Pradesh) में कोरोना संक्रमण का फैलाव तेजी से हो रहा है और इस स्थिति में ऑक्सीजन की खपत बढ़ी है। ऐसे में महाराष्ट्र सरकार की ऑक्सीजन की आपूर्ति(Oxygen supply) रोकने की बात सही मध्यप्रदेश में हड़कंप मच गया था। मध्य प्रदेश सरकार ने महाराष्ट्र सरकार से इस मुद्दे पर बात की। हालांकि कोई ज्यादा फायदा नहीं उपलब्ध हो सका। जिसके बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान(Chief Minister Shivraj Singh Chauhan) ने भारत सरकार से मध्य प्रदेश को 50 टन प्रतिदिन ऑक्सीजन की आपूर्ति की मांगी थी। जिस पर अब केंद्र सरकार ने एमपी को 50 टन ऑक्सीजन की आपूर्ति की(Supplied 50 tons of oxygen to M.P.) है। रेल और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने इस बात की जानकारी देते हुए कहा कि मध्यप्रदेश को 50 टन ऑक्सीजन की आपूर्ति की गई। जिस पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का धन्यवाद किया है।

दरअसल मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ने के बाद से ऑक्सीजन आपूर्ति की खपत बढ़ी हुई है। जुलाई में ऑक्सीजन की 40 टन की खपत होती थी। जबकि अगस्त तक पहुंचते पहुंचते, आंकड़ा 90 टन तक पहुंच गया था। वहीं सितंबर में मरीजों के लगातार बढ़ने से ऑक्सीजन की खपत में फिर एक बार इजाफा हुआ और इसकी खपत 120 टन से ज्यादा हो गई। जिसको देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने ऑक्सीजन की आपूर्ति पर प्रतिबंध लगा दिया था। जिसके बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से इस मुद्दे पर चर्चा की। हालांकि महाराष्ट्र सरकार ने कम मात्रा में ऑक्सीजन उपलब्ध कराने की बात कही थी।

जिस पर चिंता जाहिर करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केंद्र से मदद मांगी। वहीं अब मध्यप्रदेश में ऑक्सीजन संकट से निजात दिलाने के लिए ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मशीन लगाई जाएगी। इस मशीन के जरिए ही कोरोना के गंभीर मरीजों को ऑक्सीजन की आपूर्ति की जाएगी। जिसको लेकर केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश को हजार मशीनें सौंप दी है। वही जानकारी के मुताबिक प्रदेश के हर एक जिले को दो या तीन ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मशीन भेजी जा चुकी है।

बता दें कि संक्रमित मरीजों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी के बाद ऑक्सीजन की खपत में तेजी से उछाल हुआ है। जुलाई में 40 टन ऑक्सीजन की खबर सितंबर में बढ़कर 120 टन पहुंच गई है। प्रदेश में कुल एक्टिव मरीजों की संख्या का 20% हिस्सा ऑक्सीजन पर निर्भर है। अब ऐसी स्थिति में केंद्र द्वारा मध्य प्रदेश को ऑक्सीजन उपलब्ध कराए जाने के बाद सीएम शिवराज ने राहत की सांस ली है। वही अब प्रदेश में खपत की तुलना में ऑक्सीजन की मात्रा में बढ़ोतरी हो गई है। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन उपलब्ध है। किसी को भी चिंता की आवश्यकता नही है।