कलेक्टर की बड़ी कार्रवाई, कोरोना काल में राशन हड़पने वाले दुकानदारों के लाइसेंस निलंबित

दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस (so cause notice) जारी किया गया था।

madhya pradesh

भोपाल,  डेस्क रिपोर्ट। कोरोना काल (corona era) जैसे संगीन समय में भी लोग भ्रष्टाचार (Corruption) करने से बाज नहीं आ रहे हैं। गरीबों के राशन डकार जाने और 1 महीने में जनता को कम राशन (ration) उपलब्ध कराने के मामले में राजधानी भोपाल में दुकानदारों पर कड़ी कार्रवाई की गई है। दरअसल कलेक्टर अविनाश लवानिया (कलेक्टर अविनाश लवानिया) के निर्देश पर जिला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति अधिकारी ने दोनों राशन दुकानों के लाइसेंस (licence) को suspend कर दिया है। इसके साथ ही साथ राशन दुकान न्यू अंबे और सुकन्या महिला उपभोक्ता भंडार के लाइसेंस निलंबन के आदेश जारी कर दिए गए हैं।

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दरअसल कलेक्टर अविनाश लवानिया (avinash lavania) के निर्देश पर कुछ दिन पहले राशन दुकानदारों की जांच की गई। इस दौरान स्टॉक सूची बोर्ड पर कुछ दुकानों की सामग्री के नमूने प्रदर्शित नहीं किए गए थे। वही अन्न उत्सव के दिन के भी सामग्री भाव सूची बोर्ड उपलब्ध नहीं थे। इतना ही नहीं दोनों दुकानदारों द्वारा उपभोक्ताओं को राशन की रसीद भी उपलब्ध नहीं कराई थी। जिसके बाद दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस (so cause notice) जारी किया गया था।

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वही नोटिस का सही जवाब ना देने की वजह से दोनों राशन दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं। मामले में जिला खाद्य नागरिक आपूर्ति अधिकारी ज्योति शाह नरवरिया का कहना है कि जांच के दौरान न्यू अंबे उपभोक्ता भंडार में करीबन 13 क्विंटल गेहूं और 3 क्विंटल चावल कम पाया गया था जबकि सुकन्या महिला सरकारी भंडार में 7 क्विंटल गेहूं और 14 क्विंटल चावल सहित 1000 लीटर के केरोसिन के स्टॉक कम पड़ गए थे। जिसके बाद इन दोनों दुकानदारों पर कार्रवाई की गई है।वहीं शासन का कहना है कि अगर इस तरह की गतिविधियां और भी सामने आती है तो दुकानदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।