ग्वालियर प्रशासन ने व्यापारी की संपत्ति नीलाम कर चुकाया किसानों का पैसा

ग्वालियर (Gwalior) में धान खरीदी के बाद व्यापारी द्वारा किसानों का पैसा हड़पने का मामला (Case of farmers' money grab) सामने आया है। जिसके बाद व्यापारी परिवार सहित फरार है। इस मामले में किसानों की शिकायत के बाद प्रशासन ने नए कृषि कानून के तहत व्यापारी की संपत्ति नीलाम करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।

कृषि मंत्री

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। पूरे देश में केंद्र सरकार (central government) द्वारा लाए कृषि कानून को लेकर आंदोलन (Protest) जारी है। वहीं मध्यप्रदेश के ग्वालियर (Gwalior) जिले में इस कृषि कानून का फायदा उठाते हुए किसानों के हित में बड़ी कार्रवाई की गई है। जिसमें किसानों (Farmers) का धान खरीदी कर एक व्यापारी ने उनके पैसे हड़प (Case of farmers’ money grab) लिए, और अपने परिवार को लेकर फरार हो गया। जिसके बाद किसानों ने न्याय की गुहार लगाते हुए प्रशासन से इसकी शिकायत की। वहीं प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए व्यापारी के घर को नीलाम (Merchant house auction) कर दिया और किसानों का बकाया चुकाया है।

प्रशासन ने की घर की नीलामी की कार्रवाई

किसानों ने व्यापारी द्वारा धान खरीदी का पैसा नहीं देने को लेकर प्रशासन से इसकी शिकायत की थी। जिसपर प्रशासन ने जांच कर कार्रवाई करते हुए व्यापारी का भितवार ब्लॉक (Bhatwar block) स्थित बाजना गांव में घर को नीलाम कर दिया। जिससे मिले रुपयों से किसानों का बकाया चुकाया गया है। बता दें कि व्यापारी किसानों का करीब 40 लाख रुपए लेकर फरार हो गया है। व्यापारी के घर की नीलामी केवल 1 लाख 45 हजार रुपए में हुई है, जिससे सिर्फ दो किसानों का बकाया चुकाया गया है। इस दौरान प्रशासन ने कहा कि अन्य किसानों की बकाया राशि व्यापारी के दूसरी संपत्तियों को नीलाम करके दिया जाएगा।

किसानों का पैसा लेकर फरार हुआ व्यापारी

बता दें कि सभी जगह फसल कटाई के बाद धान खरीदी का कार्य किया जा रहा है। इसी दौरान ग्वालियर जिले के भितरवार ब्लॉक के बजाना गांव के 17 किसानों ने अपनी फसल गांव के ही एक व्यापारी के यहां बेची थी। जिसकी कीमत करीब 40 लाख रुपए है। लेकिन व्यापारी ने किसानों का भुगतान नहीं करते हुए पूरा रुपये लेकर परिवार समेत फरार हो गया। राशि का भुगतान नहीं होने पर परेशान किसानों ने प्रशासन से इसकी शिकायत की।

व्यापारी की संपत्ति कुर्क

किसानों की शिकायत के बाद एक्शन में आई प्रशासन ने नए कृषि कानून के तहत व्यापारी की संपत्ति कुर्क (Property attachment) कर ली। साथ ही व्यापारी के घर की नीलामी कर दो किसानों की राशि का भुगतान कर दिया गया है। वहीं व्यापारी के अन्य संपत्तियों की नीलामी कर बाकी किसानों की राशि का भुगतान किया जाएगा। किसानों का पैसा हड़पने के बाद 6 दिसंबर को व्यापारी अपने परिवार को लेकर गांव छोड़कर भाग गया है।

कलेक्टर ने दी जानकारी

इस संबंध में ग्वालियर कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने बताया कि अन्य किसानों की बकाया राशि के भुगतान के लिए व्यापारी के अन्य जमीन की भी नीलामी कराई जाएगी। व्यापारी के जमीन की नीलामी से पहले प्रशासन द्वारा उस जमीन का पहले सीमांकन किया जाएगा, उसके बाद ही जमीन की नीलामी कार्य संपन्न कराया जाएगा। इस दौरान ग्वालियर कलेक्टर ने बताया कि इस मामले को लेकर एक सुलह बोर्ड का गठन किया गया है। जिसके अनुसार पूरी कार्रवाई की गई है।