देर रात मार्केट में आग से दहशत, फायर ब्रिगेड ने बुझाई, बड़ा हादसा टला

ग्वालियर।अतुल सक्सेना

शहर में तीन दिन पहले दो जगह लगी आग(fire) की चर्चा। शहर में शांत नहीं हुई थी कि बीती रात एक मार्केट(market) के बेसमेंट(basement) में बने कपड़े के गोदाम में आग लग गई। मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड(fire brigade) की चार गाड़ियों ने आग पर काबू किया जिससे बड़ा हादसा टल गया।

शहर के प्रमुख व्यवसायिक के केंद्र महाराज बाड़ा क्षेत्र में बसा टोपी बाजार घना बाजार है। यहाँ छोटी छोटी गलियों में कॉस्मेटिक्स, कपड़े, जूते, ज्वैलरी, किराना, घड़ी, होजरी, चश्मे, लेदर बेल्ट, पर्स आदि की दुकाने हैं। यहाँ गलियों के अंदर कई मंजिला मार्केट हैं जिसमें बेसमेंट हैं। इसी में से एक मार्केट अग्रवाल मार्केट(agarwal market) के बेसमेंट में स्थित गोदाम में बीती रात आग लग गई।

लॉक डाउन(lockdown) के कारण बाजार करीब डेढ़ महीनों से बंद है लेकिन रविवार को मिली छूट का लाभ उठाते हुए मार्केट के बेसमेंट में रविवार की दोपहर मजदुरों सर बुलाकर कुछ रिपेयरिंग का काम कराया गया। लेकिन रात को यहाँ धुंआ उठता दिखाई दिया तो आसपास रहने वालों ने शोर मचाया। तत्काल व्यापारी इकट्ठा हो गए और फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। जिसके बाद बाड़े पर मौजूद एक फायर ब्रिगेड तत्काल वहाँ पहुंची लेकिन तंग गली होने के कारण अंदर नहीं जा सकी कर्मचारी पाइप लेकर अंदर दौड़े और पानी फायर किया। तीन गाड़ी सिटी। सेंटर फायर ब्रिगेड मुख्यालय से भेजी गई और फिर मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। बताया जा रहा है कि आग व्यापारी राकेश अग्रवाल के कपड़े के गोदाम में लगी थी। जिसमें बेड शीट, ब्लेनकेट सहित अन्य कपड़ा भरा था। घटना में कितने का नुकसान हुआ है इसका अंदाजा नहीं लग सका है लेकिन व्यापारी लाखों के नुकसान की बात कर रहे हैं।

गनीमत ये रही कि आग ने विकराल रूप नहीं लिया वरना घना बाजार होने के कारण बड़ा हादसा हो सकता था। आग लगने का कारण तो मालूम नहीं चल सका है लेकिन शंका है कि दिन में मजदूर का करने आये थे शायद उन्हीं की कोई लापरवाही हो। गौरतलब है कि पिछले तीन दिन में आग लगने को ये तीसरी घटना है। बीती 24 अप्रैल को तड़के पूर्व मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के होटल ऋतुराज में आग लगी थी जिसमें उनका रेस्टॉरेंट जल गया था वहीं इसी रात शहर को पॉश टाउन शिप एमके एलेक्जर सिटी में आग लग गई थी। जिसमें फंसे 80 परिवारों को नगर निगम के हाईड्रॉलिक प्लेटफार्म की मदद से रेस्क्यू कर नीचे उतारा गया था। खास बात ये रही कि इन दोनों घटनाओं में भी कोई जनहानि नहीं ही और बड़ा हादसा टल गया था।