शिवराज कैबिनेट का बड़ा फैसला-18 पार वालों को फ्री में लगाई जाएगी वैक्सीन

CM शिवराज सिंह चौहान

भोपाल डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (MP) में कोरोना (Corona) के बढ़ते संक्रमण के बीच आज मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कैबिनेट की बैठक बुलाई थी, जिसमें कोरोना वैक्सीन को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। इसके तहत 1 मई से 18 वर्ष के ऊपर के सभी लोगों को फ्री में कोरोना वैक्सीन लगाई जाएगी।

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सीएम ने कहा कि पीएम नरेन्द्र मोदी ने राहत भरी सौगात दी है। 1 मई से 18 साल से अधिक उम्र के नागरिकों को भी टीका लगाया जाएगा। भारत सरकार की डीटेल्ड गाइडलाइन आएगी लेकिन मध्यप्रदेश में 18 साल से ज़्यादा की उम्र वालों को भी निशुल्क ही टीका लगाया जाएगा। टीकाकरण को व्यापक गति देना है।सागर ज़िले की बीना रिफायनरी ने ऑक्सीजन की आपूर्ति सुनिश्चित की है। ऑक्सीजन का परिवहन न करना पड़े इसके लिए रिफायनरी प्लांट के पास ही 1,000 बिस्तर का अस्पताल बनाना प्रारम्भ कर दिया गया है।

बुधवार को कैबिनेट बैठक में CM शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chouhaan) ने बताया कि खंडवा, शिवपुरी, उज्जैन और सिवनी जिलों में ऑक्सीजन प्लांट शुरू हो गए हैं। जबलपुर का ऑक्सीजन प्लांट भी आज ही शुरू होने की संभावना है।यहां मशीनों के​​​ इंस्टाॅलेशन का काम पूरा हो चुका है। रतलाम, मंदसौर और मुरैना जिले के प्लांट एक-दो दिन में शुरू होने की संभावना है।

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इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान साफ कह चुके है कि सरकार लॉकडाउन लगाने के पक्ष में नहीं है लेकिन जिस तरह से कोरोना कर्फ्यू को कड़ाई से लागू किया गया है, वह यह बताता है कि सरकार इस बात को लेकर बेहद गंभीर है कि किस तरह से संक्रमण की चेन को तोड़ा जाए। इसके चलते गांव गांव में भी लोगों से अपील की जा रही है कि वे घरों से बाहर ना निकले और 30 तारीख तक संयम बनाकर संक्रमण की चेन तोड़ने में अपना योगदान दें।मध्यप्रदेश में भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर चारों महानगरों की स्थिति लगातार विकराल रूप लेती जा रही है और सरकारी दावों के विपरीत यहां पर लोगों को अस्पताल में भर्ती होने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।

वही शिवराज तीन महीने का राशन मुफ्त देने के लिए पहले ही घोषणा कर चुके हैं लेकिन इसके साथ-साथ अन्य वैकल्पिक इंतजाम हो पर भी विचार किया जा सकता है। देश के विभिन्न हिस्सों से पलायन करके आ रहे मध्यप्रदेश के मजदूर भी सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती है और इनका सुरक्षित पुनर्वास करना भी कैबिनेट के सामने एक महत्वपूर्ण मुद्दा हो सकता है।

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बता दे कि मुख्यमंत्री कुछ दिन पहले ही कैबिनेट के सभी सदस्यों को कोरोना से निपटने के लिए जिलों का प्रभार सौंप चुके हैं और इस बात की भी पूरी उम्मीद है कि वे हर मंत्री से उनके जिलों का अपडेट लें और उसके साथ साथ उनके प्रभार वाले जिलों में कोरोना से निबटने के लिए आवश्यक निर्देश दें।