i july 2021

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों (central employees) के 7वें वेतन आयोग (7th Pay commission)  के लिए अवकाश यात्रा रियायत (LTC) से संबंधित नियमों में ढील देने का फैसला किया है। इससे केवल उन कर्मचारियों को फायदा होगा जो अंतिम समय सीमा यानी 31 मई, 2021 तक अपने LTC का दावा नहीं कर सके। यह फैसला इसलिए भी लिया गया है क्योंकि मई में कोरोना वायरस की दूसरी लहर अपने चरम पर थी। जिसके कारण कई कर्मचारी अपने एलटीसी का दावा नहीं कर सके और समय सीमा बढ़ाने की मांग की थी।

वित्त मंत्रालय (Finance Ministry) के तहत व्यय विभाग (expenditure department) की ओर से एलटीसी कैश वाउचर योजना (LTC Cash Voucher Scheme) के संबंध में स्पष्टीकरण जारी किया गया है। जिसमें केंद्र सरकार के विभागों और मंत्रालयों को 31 मई 2021 की नियत तारीख के बाद LTC निपटान प्राप्त करने का आदेश दिया गया है।

इसको लेकर व्यय विभाग की ओर से ऑफिस ऑफ मेमोरेंडम (Office of Memorandum) भी जारी किया गया है। ज्ञापन में कहा गया है कि Corona के कारण उत्पन्न स्थिति के संबंध में विभाग को दावों और बिलों के निपटान में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है। इसलिए तिथि 31 मई, 2021 से आगे बढ़ा दी गई है।

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corona के कारण देश-दुनिया में यात्रा बंद थी। इसलिए LTC का दावा करना मुश्किल था। इसलिए केंद्र सरकार ने इसकी जगह एलटीसी कैश वाउचर योजना की घोषणा की। इसमें केंद्रीय कर्मचारी अपने एलटीसी फंड का इस्तेमाल उन चीजों को खरीदने में कर सकते हैं। जिन पर जीएसटी 12 फीसदी से ज्यादा है। आप उन बिलों का दावा बाद में कर सकते हैं। लेकिन खरीद के लिए भुगतान इलेक्ट्रॉनिक रूप से किया जाना चाहिए।

LTC कैश वाउचर योजना क्या है?

LTC एक ऐसी योजना है, जो केंद्र सरकार द्वारा अपने कर्मचारियों को प्रदान की जाती है। जो कि भारत के किसी भी हिस्से में चार साल में एक बार यात्रा करने का लाभ सकते है। इसके अलावा कर्मचारी चार साल में दो बार अपने घर जाने के लिए भी इस योजना का लाभ उठा सकते हैं।