Employment : रोजगार को लेकर शिवराज सरकार का बड़ा ऐलान, समय सीमा 30 दिन निर्धारित

राज्य सरकार (State Government)30 दिन में व्यवसाय शुरू करने की अनुमति देने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत  इसका कड़ाई से पालन भी करवाया जाएगा।

रोजगार

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। नगरीय निकाय चुनाव (Urban body elections) से पहले रोज़गार (Employment) और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) पर फोकस कर रही शिवराज सरकार (Shivraj Government) ने एक और ऐतिहासिक फैसला लिया है, जिसके तहत राज्य सरकार (State Government)30 दिन में व्यवसाय शुरू करने की अनुमति देने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत  इसका कड़ाई से पालन भी करवाया जाएगा। यह ऐलान सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा ने अंतर्राष्ट्रीय वेबिनार के दौरान किया।

यह भी पढ़े… MP : शिवराज के मंत्री के जिले में लापरवाही के बाद एक्शन, 10 DEO को नोटिस, वेतनवृद्धि भी रोकी

मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा (Minister Omprakash Sakhalecha) ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार ने राज्य में किसी भी उद्यम (Business) को शुरू करने के लिए 30 दिन की समय- सीमा निर्धारित की है और लोक सेवा गारंटी अधिनियम (Public service guarantee act) के तहत इसके पालन को सुनिश्चित किया जा रहा है।  खास बात ये है कि मध्यप्रदेश में प्रवासी निवेश (Overseas investment)  और व्यापार सुगमता विषय पर हुए वेबिनार में कनाडा, नार्वे, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका (Canada, Norway, Australia, USA) सहित करीब 15 से अधिक देशों के भारतवंशी उद्यमियों ने भागीदारी की।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chauhan) के आत्म-निर्भर मध्यप्रदेश  (Aatmanirbhar Madhya Pradesh) के लक्ष्य को पूरा करने में इसकी अहम भूमिका है।

मंत्री सखलेचा ने कहा कि हमने यह सुनिश्चित किया है कि यदि कोई उद्यमी प्रदेश में काम शुरू करना चाहता है तो उसे30 दिन के अंदर सभी आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएगी।  प्रदेश में अलग-अलग उद्योग क्लस्टर बनाए जा रहे हैं। इससे स्थानीय स्तर पर श्रम और कच्चे माल की उपलब्धता का बेहतर तरीके से दोहन हो सकेगा और उद्योगों को लगात घटाने में मदद मिलेगी। 20 जिलों में 20 क्लस्टर बनाए गए हैं। प्रदेश के 52 में से 42 जिलों में अलग अलग उद्योगों (Industries) की पहचान की गई है, इनमें नमकीन और फर्नीचर से लेकर यार्न तक के क्षेत्र में क्लस्टर बनाने का काम चल रहा है।

यह भी पढ़े… रोजगार को लेकर CM शिवराज सिंह चौहान का बड़ा ऐलान- मंथन करवाएगी सरकार

सकलेचा ने कहा कि चीन की तुलना में हमारे यहां उत्पादन की लागत काफी ज्याद होने के कारण ऐसे प्रयास किए जा रहे हैं कि इसे कम से कम 25 प्रतिशत तक घटाया जा सके।  लघु उद्योग निगम (Small Scale Corporation) को विदेशों (foreign) में विस्तार दिया जा रहा है ताकि विपणन और तकनीक पर मुख्य फोकस किया जा सके। रोजगार और पूंजी जुटाना सरकार का अंतिम लक्ष्य है। साल 2021-22 उद्यमिता के लिहाज से स्वर्णिम काल साबित होगा क्योंकि चीन (China) विनिर्माण परिदृश्य से बाहर हो रहा है। उन्होंने बहु-कौशल वाले श्रमिक, बेहतर गुणवत्ता वाली सेवाएँ और कच्चे माल की उपलब्धता का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत (India) एक विनिर्माण हब बनने में सक्षम है।