बैकफुट पर गाली देने वाले भाजपा नेता, थाने जाकर TI से बोला SORRY

ग्वालियर।अतुल सक्सेना। भारतीय जनता पार्टी(bjp) के जिला महामंत्री और पुलिस अधिकारी(police) के बीच हुए विवाद का पटाक्षेप नेताजी द्वारा थाने पहुंचकर माफ़ी मांगने और टी आई (ti)को माला पहनाकर हो गया है। लेकिन इस माफीनामे के बाद नेता जी और उनकी पार्टी कांग्रेस सहित विपक्ष के निशाने पर है और सोशल मीडिया पर ट्रोल हो रही है।

दरअसल, शुक्रवार को भाजपा के जिला महामंत्री कमल माखीजानी और माधौगंज थाने के टीआई प्रशांत यादव के बीच हुए विवाद का वीडियो वायरल होने के बाद सत्ताधारी दल और विपक्ष दोनों के बीच हलचल बढ़ गई। मामला एक वृद्धा की मौत से जुड़ा हुआ था। भाजपा जिला महामंत्री ने वृद्धा के परिजनों और समाज के निवेदन पर टी आई प्रशांत यादव से फोन पर शव का पोस्ट मार्टम नहीं कराने का निवेदन किया और इसी दौरान दोनों के बीच हॉट टॉक हो गई और भाजपा नेता के मुँह से गाली निकल गई जिसके बाद टी आई ने उन्हें धमकी देते हुए कहा कि जहाँ हो वहीं आकर बताऊंगा, कोई भी बने रहो। ऑडियो रिकॉर्डिंग थोड़ी देर में वायरल हो गई तो नेता जी घबरा गए। उन्हें अपनी गलती समझ आ गई। एक तो टी आई स्तर के अधिकारी को गाली देना और फिर संगठन में छवि खराब होने से घबराये भाजपा जिला महामंत्री अपने साथियों के साथ थाने पहुँच गए और टी आई साहब को सॉरी बोलते हुए उन्हें फूलों की माला पहनाई और कहा कि मैंने आपको गाली नहीं दी थी, मैं परेशान था और कार्यकर्ता भी सामने थे तो अपशब्द निकल गए लेकिन वो आपके लिए नहीं थे । टी आई ने बड़ा दिल दिखाते हुए और वस्तु स्थिति को समझते हुए मामले को खत्म कर दिया।

भाजपा जिला महामंत्री का गाली वाला एपिसोड जब सोशल मीडिया पर चल रहा था उसके थोड़ी देर बाद ही सोशल मीडिया पर माफी मांगने की खबर भी दौड़ने लगी। जिसके बाद जिला महामंत्री भाजपा सहित विपक्ष के निशाने पर आ गए और ट्रोल होने लगे। बहरहाल जिला महामंत्री कमल माखीजानी जिला अध्यक्ष पद के दावेदार हैं। वे सांसद विवेक शेजवलकर से सबसे खास लोगों में गिने जाते हैं। शुक्रवार की घटना को छोड़ दें तो वे शालीन और सभ्य माने जाते हैं। अब देखना ये होगा कि पार्टी नेतृत्व इस गलती को इग्नोर करता है अथवा माखीजानी विरोधी गुट इसका फायदा उठाता है।