सुकून की बात: चीन से आये मेडिकल स्टूडेंट की जांच में नहीं निकला कोरोना वायरस

ग्वालियर।अतुल सक्सेना।

पिछले दिनों ग्वालियर में चीन से आये एक संदिग्ध कोरोना वायरस मरीज की जिस खबर ने जिला प्रशासन की नींद उड़ा दी थी, पुणे से आई उसकी जांच रिपोर्ट ने अब सुकून पहुंचाया है। जांच रिपोर्ट में मरीज के शरीर में कोरोना वायरस नहीं निकला है।

चीन के जेहान शहर में रहकर MBBS की पढ़ाई कर रहा दर्पण कॉलोनी निवासी एक छात्र 14 जनवरी को ग्वालियर अपने घर आया था। पिछले गुरुवार को वो सर्दी, जुकाम, गले में दर्द की शिकायत लेकर जिला अस्पताल पहुंचा था जहाँ मेडिकल। ऑफिसर डॉ वीके बाथम ने उसे कोरोना वायरस का संदिग्ध बात दिया था। डॉ बाथम ने मरीज का नाम पता जाने बिना उस वहां से जाने दिया। घबराया छात्र जयारोग्य अस्पताल पहुंचा जहाँ उसकी डिटेल लेकर उस जांच कराने और आइसोलेशन वार्ड में भर्ती होने की सलाह दी गई लेकिन मरीज ने इंकार कर दिया। जिसके बात खोजबीन कर 7 घंटे बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम मरीज के घर पहुंची। उस समझा बुझाकर जयारोग्य अस्पताल लाया गया और उसके ब्लड सेम्पल लेकर जांच के लिए पुणे भेजे गए। CMHO डॉ एसके वर्मा ने बताया कि पुणे से मरीज की जांच रिपोर्ट आ गई है जिसम उस कोरोना वायरस नहीं निकला है। इस खबर के आने के बाद से जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग थोड़ा सुकून महसूस कर रहे हैं। उधर स्वास्थ्य विभाग ने आदेश जारी किए हैं कि चीन के वुहान के अलावा, जापान, दक्षिण कोरिया, वियतनाम, सिंगापुर , ऑस्ट्रेलिया, मलेशिया, कंबोडिया, थाईलैंड, नेपाल, श्रीलंका, अमेरिका, कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, संयुक्त अरब अमीरात, हाँगकाँग, मकाउ, फिलिपींस, ताईवान और फिनलैंड से आने वाले नागरिकों की सूचना CMHO को जरूर दी जाए।