इंदौर में कोरोना संक्रमित मरीजों के भागने से मचा हड़कंप, प्रबंधन पर उठे सवाल

इंदौर।आकाश धोलपुरे।

इंदौर हाई रिस्क झोन में आ चुका है। इस के साथ ही कोरोना भी दूसरी स्टेज की अपर लेयर में आ चुका है। यानी कि यदि लोग जिम्मेदारी समझकर खुदल घर मे नही रहे तो हालात ये हो जाएंगे कि इंदौर कोरोना की तीसरी स्टेज पर पहुंच जाएगा।

इंदौर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने इस बात की पुष्टि कर दी है कि इंदौर के एमआरटीबी हॉस्पिटल से दो मरीज आज भाग गए थे जिनमें से एक मरीज़ कोरोना पॉजिटिव है और दूसरा मरीज़ कोरोना संदिग्ध है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. प्रवीण जाडिया की माने तो दोनों मरीज खजराना स्थित अपने घर पहुंचने के बजाय अपने एक रिश्तेदार के घर पहुंच गए थे जहां से स्वास्थ्य विभाग की टीम, पुलिस व प्रशासन द्वारा दोबारा अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया है । डॉ. जाडिया की माने तो दो लोग जिस घर पर गए थे उसे कोरोंटाइन कर दिया गया है और घ्रर में रह रहे लोगो का आवश्यकता पड़ने पर लक्षण आधारित सैम्पल कराएँगे।

डॉ. जाडिया की माने तो जिस व्यक्ति की मदद से ये लोग भागे थे उसकी भी जांच कराई जाएगी। इधर, मामले की गंभीरता को समझते हुए रानीपुरा और खजराना क्षेत्र में संभागायुक्त आकाश त्रिपाठी और आईजी विवेक शर्मा पहुँचे जहां उन्होंने अधिकारियों को समझाइश देने के साथ ही लोगो से घरों में रहने की अपील की। वही इंदौर जिले की स्थिति पर डॉ. प्रवीण जाडिया ने कहा कि अकेले इंदौर के शनिवार को 4 केस पॉजिटिव आने के बाद कोरोना पॉजिटिव मरीज़ो की संख्या बढ़कर 20 जो गई है वही एक अन्य रानीपुरा निवासी पॉजिटिव मरीज की मौत हो चुकी है। कुल मिलाकर अकेले इंदौर जिले की बात की जाए तो यहां कोरोना ने आक्रमक रुख अख्तियार कर लिया है ऐसे में जरूरत है कि आप सभी घरों में महफूज रहे और बार बार हाथ धोकर अपनों का भी ख्याल रखे।