Hindi News

दिल्ली के ठगबाज ने जबलपुर के व्यापारी से ठगे 1 करोड़ 40 लाख, पुलिस जांच में जुटी

Written by:Harpreet Kaur
Published:

जबलपुर, संदीप कुमार। मप्र (MP) के जबलपुर (Jabalpur) निवासी एक दवा व्यापारी को महँगी कार खरीदने का शौक इतना महंगा पड़ गया कि मर्सिडीज की लालच में आकर उसने 1 करोड़ 40 लाख रु गवा दिए। ठगबाज के हाथों रु गवाने के बाद अब दवा व्यापारी ने गोरखपुर थाने में अपनी शिकायत दर्ज कराई है। जानकारी के मुताबिक ठग ने अपने आपको दिल्ली का बताते हुए 1 करोड़ 40 रु ठग लिए है।

यह भी पढ़ें…चार टीमें, चार शहर, भू-सर्वेक्षण अधिकारी के घर लोकायुक्त का छापा, 5 करोड़ से अधिक की संपत्ति का खुलासा

जानकारी के अनुसार गोरखपुर निवासी नरेश माधवानी को महँगी कार का शौक है। इसी दौरान ऑनलाइन विज्ञापन में उंन्होने देखा किकार वाला डॉट कॉम वेबसाइट पर महंगी कार बेची जाती है। इसी बीच नई दिल्ली निवासी दीपक कुमार बैठा ने मर्सीडीज़ कार के लिए नरेश माघवानी से संपर्क किया। दीपक बेठा ने बताया कि दिल्ली में एडवांस कार स्टूडियो नाम से महंगी कारों के सेकेंड हैंड का व्यवसाय है। वह अच्छी कंडीशन वाली गाड़ियों लोगों को कम पैसे में दिलवाता है। जिसके बाद नरेश माधवानी ठगबाज के झांसे में आ गया और अपने लाखो रु गवा दिए।

दीपक बेठा ने अपने एक साथी के साथ मिलकर महंगी कार सस्ते में दिलाने का झांसा दिया। दिसंबर 2020 में दीपक ने नरेश को फोन पर बताया कि मुंबई की एक पार्टी दो करोड़ की कीमत वाली न्यू मॉडल मर्सिडीज डेढ़ करोड़ रुपए में बेच रहा है, कार बहुत अच्छी कंडीशन में है और सिर्फ दो महीने पुरानी है। नरेश उसकी बातों में फंस गए और कार खरीदने की इच्छा जताई। सौदा 1 करोड़ 40 लाख रु में तय हुआ,और एडवांस देकर गाड़ी बुक कराने की बात हो गई। दीपक बेठा ने दवा व्यापारी नरेश माघवानी को बताया कि वह मुम्बई जा रहा है। जबलपुर में वह उससे मिलकर 10 लाख रुपए ले लेगा। कुछ दिन बाद दीपक और उसका साथी नरेश के घर आए और 10 लाख रुपए एडवांस लेकर चले गए।

10 लाख दिए एडवांस
नरेश माधवानी ने पुलिस को बताया कि आरोपी दीपक और उसके साथी ने दिसंबर 2020 से 31 मार्च 2021 के बीच उससे आरटीजीएस और घर आने पर नकदी के तौर पर कुल 1.40 करोड़ रुपए ले लिए। वह आखिरी बार 31 मार्च 2021 को फ्लाइट से जबलपुर आया था। वह शहर के सबसे महंगे होटल विजन महल में रुका था। उस समय 29 लाख 87,000 हजार रुपए रह गए थे। पैसे देते समय उसके परिचित सुरेश खत्री भी मौजूद थे। बिना किसी ठोस पहचान के इतनी बड़ी रकम देने पर उन्होंने उसे सर्तक भी किया था। तब आरोपी दीपक भड़कते हुए अपना वोटर आईडी कार्ड, विजिटिंग कार्ड की फोटो प्रति देते हुए बोला था कि वह ऐसा-वैसा आदमी नहीं है। उसकी दिल्ली में प्राइवेट लिमिटेड फर्म है। फ्लाइट से आना-जाना होता है। वह फ्लाइट से ही जबलपुर भी आया है। उसकी आईडी भी विजन महल में जमा है। इस पर विश्वास करते हुए रकम दी थी।

करोड़ो रु भी गए और कार भी नहीं मिली
धीरे-धीरे कर जब दीपक ने नरेश माधवानी से करोड़ रु से ज्यादा वसूल कर लिए और कार भी नहीं मिली तो वह दिल्ली उसके बताए पते पर पहुंचा। और तब खुलासा हुआ कि उसके साथ ठगी हुई है। दीपक के बताए गए पते पर नरेश माधवानी को एक सुरक्षा गार्ड मिला उसने बताया कि दीपक ने इसी तरह देश भर में कई लोगों को ठगा है। इस पूरे मामले में पुलिस जांच कर रही है।

यह भी पढ़ें…भूपेश बघेल के बयान पर सिंधिया समर्थक मंत्री का पलटवार, किसी के प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं

Harpreet Kaur
लेखक के बारे में
Follow Us :GoogleNews