स्वसहायता समूह की महिलाओं ने बनाए डेढ़ लाख से अधिक मास्क, सरकारी विभागों में सप्लाई, 3 लाख से अधिक लाभार्जन

कटनी/वंदना तिवारी

कोरोना जैसी महामारी से जहा पूरा देश विदेश संकट में है, इससे जहां कई लोग संक्रमित हैं वहीं कई लोगों के रोजगार पर भी संकट छा गया है। ऐसे में पीड़ितों और जरूरतमंदों की सहायता के लिये समाज के सभी वर्ग राहत कार्य में लगे हुए है। कटनी जिले में भी स्व सहायता समूह की महिलाएं इस संकट की घड़ी में अपना सहयोग दे रही हैं। ये महिलाएं घर पर मास्क बनाकर सरकारी विभागों, पंचायतों और जहां जहां जरूरत है वहां सप्लाई कर रही हैं। बहुत कम दर पर बेचे जाने वाले ये मास्क कई सरकारी विभागों द्वारा खरीदे जा रहे हैं और इनसे महिलाएं भी घर बैठे रोज़गार पा रही है।

जिले में आजीविका मिशन से जुड़ी सैंकड़ों महिलाएं इन दिन प्रदेश की जनता को राहत देने और सरकार की मदद करने के लिए अपना पूरा योगदान दे रही है। ये महिलाएं 25 स्व सहायता समूह की से जुड़ी हैं जो हर ब्लाक में मास्क बनाने का काम कर रही हैं। ये महिलाएं अपने घरों में ही कोरोना संक्रमण के बचाव के लिए मास्क तैयार कर रही हैं। अब तक इन महिलाओं द्वारा लाखों की तादाद में मास्क तैयार कर शासकीय विभागों और अन्य निजी संस्थाओं को सप्लाई किये गए हैं।

इनके द्वारा अब तक स्वास्थ्य विभाग को 10000 मास्क, नगर निगम को 11000, एसडीएम कार्यालय को 20000 मास्क दिए गए हैं। साथ ही जिला पंचायत के माध्यम से 50000 मास्क दिए गए हैं जिन्हें अलग अलग विभागों में वितरित किया गया है। अभी तक इनके द्वारा लगभग 1 लाख 75 हजार मास्क का निमार्ण किया जा चुका है और 1 लाख 55 हजार विभागों में वितरित किये जा चुके है। खास बात ये है कि इन मास्क की कीमत भी बहुत कम है, एक मास्क मात्र 8 रुपए में विभागों को बेचा गया है। अच्छी बात ये है कि इस काम से जहां लोगों और विभागों को जरूरी मास्क कम कीमत पर उपलब्ध हो रहे हैं वहीं इन महिलाओं ने अब तक इस कार्य से 3 लाख रूपये से अधिक का लाभ प्राप्त किया है। इस तरह इन महिलाओं ने इस कठिन समय में समाज के साथ अपने लिये भी बेहतर माहौल निर्मित किया है।