शिवपुरी : प्रमुख सचिव ने की कोरोना की समीक्षा, दिए जरूरी निर्देश

प्रमुख सचिव दीप्ति गौर मुखर्जी गुरुवार को शिवपुरी जिले में कोरोना की स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को दिए जरूरी निर्देश भी दिए।

शिवपुरी, शिवम पाण्डेय। प्रमुख सचिव दीप्ति गौड़ मुखर्जी (Principal Secretary Deepti Gaur Mukherjee) गुरुवार को शिवपुरी जिले के भ्रमण पर रही। उन्होंने यहां टूरिस्ट विलेज में जिले के अधिकारियों के साथ बैठक रखें और कोरोना (Covid-19) की स्थिति की समीक्षा की। प्रमुख सचिव ने कोरोना टेस्ट के संबंध में निर्देश दिए हैं कि जिले में सैंपलिंग को और बढ़ाया जाए ताकि अधिक से अधिक संदिग्ध मरीज कवर हो सकें। इस दौरान संभाग आयुक्त आशीष सक्सेना मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें:-कोरोना कर्फ्यू : डॉग स्क्वाड की मोना सिखा रही वफादारी, लोगों से कर रही घरों में रहने की अपील

प्रमुख सचिव दीप्ति गौड़ मुखर्जी ने कहा कि टेस्ट सेंटर पर सैंपल देने आ रहे लोगों को उसी समय मेडिकल किट वितरित की जाए। साथ में लोगों को यह बताया जाए कि यह दवाइयां नुकसानदायक नहीं है। इस समय सबसे महत्वपूर्ण यह है कि शुरुआती स्टेज में ही इलाज शुरू हो और मरीज का टेस्ट हो जाए। जिससे वह क्रिटिकल कंडीशन में नहीं पहुंचेगा। उन्होंने कहा है कि सभी एसडीएम यह सुनिश्चित करें कि फीवर क्लीनिक को मोबाइल क्लीनिक के रूप में संचालित करें ताकि यह अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचेगा। किल कोरोना अभियान की समीक्षा की और सर्वे टीम में एएनएम को भी शामिल करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि सर्वे टीम लोगों के मोबाइल नंबर भी दर्ज करें। सर्वे में जो मरीज संदिग्ध हैं, उन्हें टेस्ट कराने के लिए कहें। सभी को मेडिकल किट और आयुष काढ़ा वितरित किया जाये। सभी एसडीएम अपने क्षेत्र में निगरानी करें।

यह भी पढ़ें:-टीकमगढ़ जिला अस्पताल का उमा भारती ने किया निरीक्षण, बोली नहीं होगी ऑक्सीजन की कमी

प्रमुख सचिव ने कहा कि जिला स्तर के साथ ही जनपद स्तर पर कंट्रोल रूम को सक्रिय बनायें। कंट्रोल रूम से मरीजों और सर्वे में जो लोग संदिग्ध मिल रहे हैं उन्हें फोन करके स्वास्थ्य संबंधी जानकारी लें। नगरपालिका की गाड़ियों के माध्यम से प्रसार कराएं। उन्होंने योग से निरोग अभियान की भी समीक्षा की। प्रमुख सचिव ने कोरोना की चेन तोड़ने के लिए कोरोना कर्फ्यू का पालन सख्ती से कराने और सभी नाकों पर भी सख्ती बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन व पुलिस की टीम समन्वय से काम करें। ग्राम स्तर पर कोटवार, पटवारी आदि को सक्रिय रूप से लगाएं।