उज्जैन में केमिकल फैक्ट्री सील, जहरीली शराब बनाने में उपयोग होने वाला मेथेनॉल भारी मात्रा में मिला

केमिकल फैक्ट्री में जहरीली शराब बनाने में उपयोग होने वाला मेथेनॉल तय मात्रा से अधिक मात्रा में मेथेनॉल मिला | वहीं जिला कलेक्टर से मिलने वाला लाइसेंस भी नहीं दिखा सका|

उज्जैन, योगेश कुल्मी| अवैध शराब (Illegal Liqor) के कारोबार को जड़ से समाप्त करने के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan) के निर्देश के बाद उज्जैन (Ujjain) में बड़ी कार्रवाई की गई है| उज्जैन कलेक्टर आशीष सिंह (Collector Ashish Singh) के निर्देश पर जिला प्रशासन, ड्रग इंस्पेक्टर और औषधि विभाग ने नागझिरी स्थित ओमकार केमिकल पर छापामार कार्रवाई की| केमिकल फैक्ट्री में जहरीली शराब बनाने में उपयोग होने वाला मेथेनॉल तय मात्रा से अधिक मात्रा में मेथेनॉल मिला | वहीं जिला कलेक्टर से मिलने वाला लाइसेंस भी नहीं दिखा सका|

जानकारी के मुताबिक, उज्जैन के नागझिरी स्थित ओमकार केमिकल फैक्ट्री पर आज जिला प्रशासन औषधि विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची और उज्जैन कलेक्टर आशीष सिंह के निर्देश पर कार्यवाही की| फैक्ट्री में भारी मात्रा में मेथेनॉल केमिकल मिला जो जहरीले पदार्थ या शराब बनाने के काम आता है| इसके अलावा और भी केमिकल प्रशासन की टीम ने जप्त किए हैं| फैक्ट्री संचालक के पास इन घातक और जहरीले केमिकल को बनाने के लिए कलेक्टर द्वारा आवंटित लाइसेंस भी नहीं था और मौके पर फैक्ट्री में सुरक्षा प्रबंध भी नहीं किए गए थे | प्रशासन की टीम ने केमिकल जप्त किए हैं और फैक्टरी को सील करने की कार्रवाई की है|

जांच के बाद फैक्ट्री संचालक पर कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी| इस कार्यवाही में फैक्ट्री से 8700 लीटर मेथेनॉल , 10 हजार लीटर एसिटोन और 1 हजार लीटर क्लोरोफॉर्म जप्त किया गया है| ओमकार केमिकल दवाइयों का रॉ मटेरियल बनाने वाली संस्था है| लेकिन यहाँ का परिसर अत्यंत दूषित और आपत्तिजनक स्थिति में पाया गया । फेक्ट्री के बॉयलर और टैंक से दवाइयों का रिसाव होता पाया गया। किसी भी कर्मचारियों के पास सुरक्षा किट इत्यादि नही पाई गई है। जांच के दौरान 8700 लीटर मेथेनॉल पाया गया जिसकी एम.पी. पॉयजन रूल्स के तहत कोई अनुज्ञप्ति मोके पर फेक्ट्री मालिक द्वारा प्रस्तुत नही की गई।

मेथेनॉल का उपयोग विगत दिनों जहरीली शराब बनाने में होना पाया गया है। इसी तरह 10000 लीटर एसीटोन और 1000 लीटर क्लोरोफार्म भी पाया गया जिसके लिए एम.पी. पॉयजन रूल्स के तहत अनुज्ञप्ति आवश्यक हैं। बगैर अनुज्ञप्ति भण्डार होने से मोके पर भण्डारित मेथेनॉल, क्लोरोफार्म और एसीटोन जप्त किया गया। फेक्ट्री मालिक को सुसंगत दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश प्रदान किये गए।