पेंशनर्स को जल्द मिलेगा तोहफा, इतनी बढ़ सकती है पेंशन की राशि, जानें नई अपडेट

पेंशन फंड की ब्याज दर और ईपीएफ में जमा रकम पर 8.5 फीसदी की मौजूदा ब्याज दर जारी को लेकर भी जल्द निर्णय लिया जा सकता है।

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नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। EPFO पीएफ मेंबर्स के लिए अच्छी खबर है।न्यूनतम पेंशन (Pension) की राशि और ब्याज दरों को लेकर जल्द बड़ा फैसला हो सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मोदी सरकार (Modi Government) पीएफ खाताधारकों (PF account holders) को दी जाने वाली न्यूनतम पेंशन की राशि (Pension money) बढ़ा सकती है।इस संबंध में हाल ही में 20 नवंबर 2021 एक बड़ी महत्वपूर्ण बैठक भी हुई है, ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि नए साल से पहले इस पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है।

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इसके अलावा 2021-22 के लिए पेंशन फंड की ब्याज दर और ईपीएफ में जमा रकम पर 8.5 फीसदी की मौजूदा ब्याज दर जारी को लेकर भी जल्द निर्णय लिया जा सकता है।हालांकि केंद्रीय ट्रेड यूनियनों (Minimum Pension) का तर्क है कि न्यूनतम पेंशन (Minimum Pension) 1000 रुपये बहुत कम है, इसे बढ़ाकर 6000 रुपये की जाये। ऐसे में माना जा रहा है कि सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टी (CBT Meeting ) 3,000 रुपये तक इसे बढ़ा सकती है ।फिलहाल इस पर विचार चल रहा है।  इस संबंध में 20 नवंबर को सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टी (CBT Meeting ) की भी बैठक हुई है, हालांकि अंतिम फैसला होना बाकी है।

इसके अलावा 2021-22 के लिए पेंशन फंड की ब्याज दर क्या रखी जाए और ईपीएफ में जमा रकम पर 8.5 फीसदी की मौजूदा ब्याज दर जारी को लेकर भी फैसला हो सकता है।माना जा रहा है कि ईपीएफ में जमा रकम पर 8.5 फीसदी की मौजूदा ब्याज दर जारी रह सकता है। मौजूदा ब्याज दर में कोई बदलाव होने की संभावना कम है।  उम्मीद है कि मोदी सरकार दिसंबर तक पेंशनर्स को पेंशन को लेकर बड़ी राहत दे सकती है।

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बता दे कि हाल ही में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज की बोर्ड बैठक में प्रोविडेंट फंड (PF) अकाउंट के सेंट्रलाइज IT सिस्टम को मंजूरी दी गई है। इसके तहत अगर कोई कर्मचारी नौकरी बदलता है या एक कंपनी से दूसरी कंपनी ज्वाइन करता है तो PF खाता ट्रांसफर करने का झंझट नहीं रहेगा।सेंट्रलाइज सिस्टम की मदद से कर्मचारी का खाता मर्ज होगा। अभी तक यही नियम था कि जब कोई कर्मचारी एक कंपनी छोड़कर दूसरी कंपनी में जाता है तो वह या तो पीएफ का पैसा निकाल लेता है या फिर दूसरी कंपनी में ट्रांसफर कराता है।इसके लिए PF के खाताधारकों के अलग-अलग अकाउंट्स को मर्ज करके एक अकाउंट बनाएगा।