शिवराज की प्रिय योजनाओं के बजट में कमलनाथ सरकार ने चलाई कैंची

भोपाल। प्रदेश की कमलनाथ सरकार ने अपना पहला बजट पेश कर दिया है। बजट में जनता पर कोई भी नया कर नहीं लगाया गया है, लेकिन पूर्व की भाजपा सरकार के समय में संचालित हो रहीं ऐसी योजनाएं जिनके पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान खुद की ब्रॉडिंग कर रहे थे, ऐसी योजनाओं पर कैंची चला रही है। खासकर मुख्यमंत्री तीर्थदर्शन योजना, मेधावी छात्र योजना का बजट कम कर दिया है। ये ऐसी योजनाएं हैं, जिनके जरिए पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने खुद की ब्रॉडिंग की थी। 

सरकार ने स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, आवास, किसान, गरीबों पर खासा फोकस दिया है। बजट पूरी तरह से कांग्रेस के वचन पत्र को ध्यान में रखकर बनाया गया है। कमलनाथ सरकार ने शिवराज सरकार के समय में देश भर में लोकप्रिय रहीं योजनाओं के बजट में इजाफा किया है। खासकर लाड़ली लक्ष्मी योजना का बजट पिछली सरकार की अपेक्षा बढ़ाया गया है। यानी कमलनाथ सरकार ने यह संदेश देने की कोशिश की है कि बजट प्रदेश के विकास के लिए बनाया है। सरकार का फोकस लीकेज पर अंकुश लगाना है। हालांकि विपक्ष ने कमलनाथ सरकार के बजट को निराशाजनक और जनता के साथ छलावा बताया है। जबकि सत्ता पक्ष ने प्रदेश के विकास का बजट बताया है। 


जनता को ठगने वाला और गरीब विरोधी बजट: शिवराज

पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मप्र सरकार का बजट जनता को ठगने वाला है। यह गरीबों का विरोधी बजट है, गरीब कल्याण की योजनाओं के लिए इसमें धनराशि का प्रावधान नहीं किया गया है। यह किसानों को, प्रदेश के नौजवानों को ठगने वाला बजट है। कांग्रेस ने प्रदेश के किसानों को सपने दिखाए थे कि उनका कर्ज माफ कर दिया जाएगा। पहले कहा कि सभी किसानों का कर्जमाफ किया जाएगा, बाद में कहने लगे अल्पकालीन फसली ऋण ही माफ करेंगे। कर्जमाफ करने के लिए 48 हजार करोड़ रूपए चाहिए, लेकिन सरकार ने बजट में केवल 8 हजार करोड़ का ही प्रावधान किया है। इस बजट में प्रदेश के नौजवानों, छात्र-छात्राओं को भी ठगा गया है। उनके लिए जो भी योजनाएं चलायी थीं, उनके लिए प्रावधान नहीं किया है। उन्होंने कहा कि यह माता-बहनों का भी विरोधी बजट है। उनके लिए भी पर्याप्त प्रावधान नहीं किया गया। गरीबों के कल्याण की सारी योजनाएं ही बंद कर दी। चौहान ने कहा कि यह जनविरोधी बजट है, जनता की आशा और सपने सरकार ने धूलधूसरित कर दिए।

खाली खजाने के बीच खुशहाली का बजट: कमलनाथ 

मुख्यमंत्री कमल नाथ ने कहा कि यह खाली खजाने के बीच मध्यप्रदेश की खुशहाली का बजट है। किसान, युवा, गरीब, अनुसूचित जाति, जनजाति, अल्पसंख्यक और मध्यम वर्ग के हित में बजट में जो चिंता की गई है, उससे अगले 5 साल में प्रदेश के वास्तविक विकास का नक्शा बनेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट नए मध्यप्रदेश के निर्माण का  ऐसा आईना है, जिसमें समृद्ध प्रदेश की तस्वीर साफ दिखलाई देती है। नाथ ने कहा कि पिछले 6 माह में खाली खजाने के बावजूद प्रदेश के विकास की दिशा में सुविचारित कदम उठाये गए हैं। जनता से किए गए वचनों को पूरा करने की इच्छाशक्ति इस बजट से स्पष्ट होती है। ग्रामीण विकास के साथ शहरी क्षेत्रों के लिये पर्याप्त प्रावधान किया गया है। औद्योगीकरण के साथ युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिये भी योजनाओं का प्रावधान किया गया हैं। पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य जैसी बुनियादी आवश्यकताओं को पूरी करने की व्यवस्था की गई है।

"To get the latest news update download the app"