देश की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कल लेंगी शपथ, महामहिम कोविंद का आखिरी संबोधन आज

18 अगस्त को हुई मतगणना में द्रौपदी मुर्मू को कुल 6,76,803 वोट हासिल हुए थे, जो कुल वोटिंग का लगभग 64% है, जबकि उनके विरोधी यशवंत सिन्हा को कुल 3,80,177 वोट मिले।

नई दिल्ली, डेस्क रिपोर्ट। राष्ट्रपति चुनाव में यशवंत सिन्हा को मात देकर देश की पहली आदिवासी राष्ट्रपति बनने वाले द्रौपदी मुर्मू कल सुबह 10.15 बजे शपथ लेंगी, इस दौरान उन्हें 21 तोपों की सलामी भी दी जाएगी। 18 अगस्त को हुई मतगणना में द्रौपदी मुर्मू को कुल 6,76,803 वोट हासिल हुए थे, जो कुल वोटिंग का लगभग 64% है, जबकि उनके विरोधी यशवंत सिन्हा को कुल 3,80,177 वोट मिले थे।

उधर, निवर्तमान राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने देश को राष्ट्रपति के रूप में आखिरी बार संबोधित किया, इस दौरान उन्होंने सभी देशवासियों का आभार जताया।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के विदाई भाषण के कुछ मुख्य अंश –

सभी देशवासियों का आभार।

निष्ठावान नागरिक की वास्तविक निर्माता है।

सैनिकों में देशप्रेम के अद्भुत भावना।

मेरा बचपन कच्चे घर में बिता।

मैं भी साधारण परिवार में पला बढ़ा।

मैं देश के लिए कुछ करना चाहता था।

कार्यकाल के दौरान मैं प्रतिभावान लोगों से मिला।

भारत का लोकतंत्र सभी को मौका देता है।

बतौर राष्ट्रपति अपने गांव और विद्यालय जाना याद रहेगा।

कार्यकाल के दौरान सभी ने सहयोग किया।

जड़ों से जुड़े रहना भारतीय संस्कृति की विशेषता।

हम आजादी का अमृत महोत्सव मना रहे हैं।

हम लोकतंत्र के पथ पर आगे बढ़ रहे हैं।

बाबा साहब ने सामाजिक लोकतंत्र की बात की थी।

स्वाधीनता के लिए अनेक नेताओं ने बलिदान दिया।

सिर्फ राजनीतिक लोकतंत्र से संतुष्ट नहीं होना चाहिए।

सामान्य लोगों की मूलभूत जरूरत पूरी हो, हम इस दिशा में काम कर रहे हैं।